संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। रविवार की रात चित्रकूट धाम स्टेशन से दर्जनों यात्री गलत ट्रेन में सवार हो गए। उन्हें इसका भान तब हुआ, जब ट्रेन चित्रकूट से आगे बढ़ी। इसके बाद यात्रियों ने चलती ट्रेन से कूदना शुरू कर दिया। गनीमत रही कि कोई भी यात्री दुर्घटना का शिकार नहीं हुआ।
रविवार रात में यात्रियों की गफलत उनके लिए जानलेवा साबित होने से बच गई। 50 से अधिक यात्री चित्रकूटधाम स्टेशन पर ट्रेन नंबर 04116 लोकमान्य तिलक टर्मिनस-सूबेदारगंज स्पेशल एक्सप्रेस का इंतजार कर रहे थे। इसी दाैरान ट्रेन नंबर 04123 प्रयागराज-हजरत निजामुद्दीन स्पेशल एक्सप्रेस के आने की उद्घोषणा होने लगी और शाम 5.34 बजे यह ट्रेन चित्रकूट स्टेशन पर आ गई। यात्रियों ने इसे अपनी ट्रेन समझ लिया और लगभग 35 यात्री उसमें बैठ गए। ट्रेन में पहले से सवार यात्रियों ने जब यह बताया कि ट्रेन दिल्ली जाएगी तो उनमें घबराहट पैदा हो गई। इसी बीच ट्रेन चित्रकूट स्टेशन से चलने लगी। इसके बाद यात्रियों ने चलती ट्रेन से कूदना शुरू कर दिया। पीआरओ मनोज कुमार सिंह ने बताया कि ट्रेनों के आगमन-प्रस्थान की जानकारी लगातार दी जाती है लेकिन, इस पर ध्यान न देने के कारण यात्री गलत ट्रेन में सवार हो जाते हैं। चित्रकूट की घटना में भी यही हुआ।
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- जो नहीं कूदे, वे बांदा, महोबा में उतरे
कुछ यात्रियों ने समझदारी दिखाई और यह सोच कर उसी ट्रेन में बैठे रहे कि आगामी स्टेशन पर उतरकर ट्रेन बदल लेंगे। निजामुद्दीन स्पेशल ट्रेन चित्रकूट से चलकर बांदा पहुंची तो यहां यात्री उतर गए।
यात्रियों ने लगाई गुहार, दोनों ट्रेन एक ही स्टेशन पर रोक दें
गलत ट्रेन में सवार हुए यात्री अखिल ने रेलवे से गुहार लगाते हुए कहा कि उद्घोषणा के बाद भी बहुत सारे यात्री गलत ट्रेन में सवार हो गए हैं। उन्होंने रेलवे से अपील की कि यदि दोनों ट्रेनों को महोबा स्टेशन पर रोक दिया जाए तो यात्री सही ट्रेन में सवार हो सकेंगे।