झांसी। नगर निगम को गार्बेज फ्री सिटी में तीन स्टार मिले हैं। जबकि, पिछले साल 2022 में नगर निगम को कोई रेटिंग प्राप्त नहीं हुई थी। अब 11 जनवरी को स्वच्छ सर्वेक्षण-2023 का परिणाम भी जारी होगा। इसमें निगम के अधिकारी रैंकिंग सुधरने की उम्मीद लगाए हैं।
थ्री स्टार की रेटिंग नगर निगम को 2021 में भी प्राप्त हुई थी। पिछले साल कोई रेंटिंग प्राप्त न होने पर नगर निगम की खूब किरकरी हुई। नगर निगम में स्वच्छ भारत मिशन के नोडल अधिकारी मो. कमर ने बताया कि महानगर में सुभाषगंज में दुबे की पुलिया, सीपरी बाजार में रसबहार तिराहा, जीवनशाह, शिवाजी नगर, आवास विकास समेत करीब 25 जगहों पर कूड़ाघर थे। इन्हें साफ कराकर सभी जगहों पर सेल्फी प्वाइंट बनाए गए। इसके अलावा डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन से लेकर लोगों द्वारा सड़क पर फेंका जाने वाला कूड़े को नियमित उठवाया जा रहा है। इसी का परिणाम है कि झांसी को इस साल गार्बेज फ्री सिटी में तीन स्टार मिले हैं। केंद्र सरकार की टीम ने अक्तूबर में गार्बेज फ्री सिटी को लेकर झांसी में सर्वे किया था। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. धीरेंद्र गुप्ता ने बताया कि गार्बेज फ्री सिटी के तहत टीम ने नगर निगम के सभी प्लांट्स, पोर्टा केबिन, एमआरएफ प्लांट, कम्पोस्ट प्लांट, गेट बंद कॉलोनी और हर वार्ड से 30 नागरिकों से फीडबैक लिया गया है। होम कम्पोस्टिंग को भी देखा गया है। सभी चौराहे और गलियों की सफाई देखी गई। आतियां तालाब, पानी वाली धर्मशाला, बिजौली झील आदि की जांच की।
ये भी जानें
- झांसी में रोजाना 320 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है।
- महानगर में रोज करीब 300 मीट्रिक टन कूड़ा उठता है।
- हर महीने कूड़ा उठवाने के लिए निगम 1.75 करोड़ खर्च करता है।
- पांच फीसदी गीले कूड़े से खाद बनाई जाती है।