रेलवे अपनी परियोजनाओं में प्रवासी मजदूरों को काम देने की तैयारी में लगा है। इसके लिए उत्तर मध्य रेलवे के अंतर्गत आने वाले 33 जिलों में आए प्रवासी मजदूरों की सूची तैयार करना शुरू कर दिया है। इसके लिए जिला प्रशासन की मदद ली जा रही है। उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज, झांसी और आगरा मंडल में कार्य पूरा कराने के लिए महत्वपूर्ण संसाधनों की व्यवस्था जुटानी शुरू कर दी है। क्षमता बढ़ोत्तरी, परिचालन एवं सड़क सुरक्षा सहित सभी महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट पर कार्य प्रारंभ कर दिया है। महाप्रबंधक उत्तर मध्य और उत्तर रेलवे राजीव चौधरी ने परियोजनाओं और अन्य जनशक्ति गहन कार्यों में प्रवासी मजदूरों के उपयोग का करने की संभावना का पता लगाने के लिए मंडलों और निर्माण संगठन पर जोर दिया है। यह प्रयास न केवल मजदूरों को काम का अवसर प्रदान करेगा। बल्कि इन महत्वपूर्ण कार्यों को गति मिल सकेगी। इसके लिए रेलवे बोर्ड ने 34 जिलों की सूची और प्रत्येक जिले में लौटने वाले प्रवासियों की संख्या को सभी ज़ोनल रेलवे को भेजी है और प्रत्येक जिले में रेलवे परियोजनाओं की पहचान करने की सलाह दी है जहां इन प्रवासी मजदूरों की सेवाओं का उपयोग संविदा कार्य में सीधे या मनरेगा योजना के माध्यम से किया जा सकता है। रेलवे के फील्ड स्तर के अधिकारियों को स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों और ग्राम पंचायतों को संपर्क में रहने के लिए कहा गया है। जिलेवार रेलवे परियोजनाओं में संविदा कार्य के लिए उपलब्ध मानव दिवस की गणना करने के लिए भी कहा गया है।