झांसी। तीन साल पहले प्रेमी युगल ने घर से भागकर मुंबई में प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद दोनों झांसी में रहने लगे। लेकिन, उनका यह साथ ज्यादा नहीं चल पाया। टीबी की बीमारी की वजह से पत्नी की मौत हो गई। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया गया।
जालौन के एट थाना क्षेत्र के चौतरहाई गांव निवासी रविंद्र यादव ट्रैक्टर चलाते थे। इसके अलावा वे अपने गांव से तकरीबन डेढ़ किलोमीटर दूर जमरौही कलां गांव के कुछ किसानों की खेती भी करते थे। खेती के सिलसिले में उसका जमरौही कलां गांव के एक किसान के घर आना-जाना था। इस बीच किसान की बेटी प्रवेशी (20) से दोस्ती हो गई। आगे चलकर दोस्ती प्यार में बदल गई थी। जाति अलग-अलग होने की वजह से दोनों के परिजन शादी के लिए राजी नहीं थे। इस पर दोनों ने मुंबई में जाकर कोर्ट में शादी कर ली थी। रविंद्र यादव ने बताया कि शादी के बाद प्रवेशी के परिजनों ने मुकदमा दर्ज करा दिया था, लेकिन थाने में प्रवेशी ने उसके पक्ष में बयान देते हुए पुलिस को शादी के कागजात दिखाए थे। इस पर पुलिस ने मुकदमा खत्म कर दिया था। इसके बाद दोनों झांसी आकर भट्टागांव में रहने लगे थे। इसके कुछ समय बाद प्रवेशी टीबी की बीमारी से ग्रसित हो गई। काफी इलाज कराने के बाद भी उसका मर्ज ठीक नहीं हुआ। दो दिन पहले पत्नी प्रवेशी की तबीयत ज्यादा खराब हो गई। तब उसे मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। प्रवेशी दो बहन और एक भाई में सबसे बड़ी थी। उसके पिता खेतीबाड़ी करते हैं। प्रवेशी की मौत के बाद भी उसके मायके पक्ष के लोग यहां नहीं आए।