अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। बड़ागांव थाना इलाके में रहने वाले एक एलआईसी एजेंट की संदिग्धावस्था में मौत हो गई। बुधवार की रात वह भाई के साथ एक शादी समारोह में शामिल होने गया था। शादी से लौटने पर वह एक दोस्त के घर सोने चला गया था। इसी बीच अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। इलाज के लिए उसे मेडिकल कॉलेज लाया गया। यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के मामा ने जहरीला पदार्थ देने की आशंका जताई है।
बड़ागांव थाना इलाके के ग्राम बचावली बुजुर्ग में रहने वाले पुष्पेंद्र कुशवाहा उर्फ वीरू (22) भारतीय जीवन बीमा निगम में एजेंट थे। इसके अलावा वे खेतीबाड़ी भी करते थे। मामा प्रदीप कुमार कुशवाहा ने बताया कि बुधवार को भांजा पुष्पेंद्र अपने छोटे भाई हर्ष के साथ बरात में सिमरधा गांव गया था। शादी के बाद रात करीब 12 बजे वह बीकेडी चौराहे के पास अपने दोस्त के कमरे पर चला गया था। वहां उसकी अचानक हालत बिगड़ गई। इस पर उसके दोस्त आनन-फानन उसे मेडिकल कॉलेज लेकर भागे। यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामा ने आगे बताया कि पुष्पेंद्र का किसी के साथ चक्कर चल रहा था। आशंका है कि उसे कुछ जहरीला पदार्थ दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस कार्रवाई करेंगे।
बता दें कि पुष्पेंद्र के पिता रामशरण भी एलआईसी में एजेंट थे। जनवरी 2023 में दिगारा गांव के पास दुर्घटना में उनकी मौत हो गई थी। इसके बाद पुष्पेंद्र एजेंट बन गया था। वह दो भाइयों में बड़ा था। अभी उसकी शादी नहीं हुई थी। छोटी बहन की शादी हो चुकी है।