अपर सत्र न्यायाधीश विकास नागर की अदालत ने हत्या के मामले में अभियुक्त को आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। इसके अलावा 10 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया, जिसे अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
बता दें कि खुशीपुरा निवासी सूरज ने थाना कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें बताया था कि उनके भाई विशाल उर्फ धर्मेंद्र उर्फ मामू को एक मार्च 2008 को मसीहागंज निवासी मनोज घर से अपने साथ ले गया था। उसने भाई को जहर मिलाकर शराब पिलाई थी, जिससे उसकी मौत हो गई थी। इसके बाद उन्होंने भाई की लाश को बोरे में बंद कर फेंक दिया था। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया था।