प्लेट फार्म नंबर 6 पर खड़ी आइसोलेशन ट्रेन।
झांसी। कोरोना संक्रमितों के लिए अगर अस्पतालों में जगह नहीं मिली तो जरूरत के हिसाब से आइसोलेशन ट्रेन को छोटे स्टेशनों पर भी भेजा जा सकता है। रेलवे ने इसके लिए तैयारी कर ली है। कोरोना संक्रमितों की बढ़ती संख्या को देखते हुए जून में उत्तर मध्य रेल प्रशासन ने झांसी, प्रयागराज व आगरा मंडल में 130 आइसोलेशन कोच तैयार किए थे। इनमें दस- दस कोचों की तीन ट्रेनें उक्त तीनों स्टेशन पर खड़ी हैं। झांसी रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को प्लेटफार्म छह पर खड़ा किया गया है। हर कोच को मरीजों की जरूरत के हिसाब से तैयार किया गया है। चूंकि, बड़े शहरों में होम आइसोलेशन की व्यवस्था होने के बाद से अस्पतालों में एल-टू श्रेणी (अधिक बीमार व लक्षण) के कोरोना संक्रमित मरीजों को ही रखा जा रहा है। नर्सिंग होम संचालकों ने भी कोरोना मरीजों को रखना शुरू कर दिया। ऐसे में अगर छोटे स्टेशनों पर कोरोना संक्रमितों को रखने की जरूरत हुई तो आइसोलेशन ट्रेन को उन्हीं स्टेशनों पर लगाया जाएगा। इस संबंध में मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अजीत कुमार सिंह ने बताया कि हर तरह की स्थिति से निपटने के लिए रेलवे तैयार है। सरकार किसी भी जगह कोच मंगाकर उनका प्रयोग कर सकती है।