- उच्चाधिकारियों ने जांच करके रिपोर्ट भेजने के दिए आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। अब बिजली विभाग द्वारा कराए जा रहे कार्यों की जांच होगी। जांच रिपोर्ट सीधे मुख्यालय जाएगी ताकि काम पूरा होने के बाद गड़बड़ी मिलने पर जिम्मेदारी तय कर सीधे कार्रवाई की जा सके।
यहां रीवैम्प (पुनर्निर्माण) योजना व बिजनेस प्लान के तहत करीब 490 करोड़ रुपये के कार्य कराए जा रहे हैं। रीवैम्प के तहत जर्जर तारों को बदला जा रहा है। ट्रांसफार्मर भी बदले जा रहे हैं। बिजनेस प्लान के तहत भी कमोबेश यही काम कराए जा रहे हैं। लेकिन करोड़ों का काम होने के बावजूद जरा सी बारिश होने पर बिजली बाधित हो जा रही है। भीषण गर्मी के दौरान कई जगह केबलें जल गईं। न सिर्फ जनता बल्कि नेता भी कामों की गुणवत्ता की शिकायत कर रहे हैं। उच्चाधिकारियों ने इसे काफी गंभीरता से लेते हुए बुधवार को सख्त दिशा-निर्देश दिए।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्चाधिकारियों ने कार्यदायी संस्थाओं द्वारा किए जा रहे कामों का निरीक्षण करके जांच करने के आदेश दिए हैं। स्पष्ट कहा गया है कि यदि गड़बड़ी मिले तो न सिर्फ उसे सही कराया जाए, बल्कि कार्यदायी संस्था से जवाब तलब भी किया जाए। जांच रिपोर्ट मुख्यालय भेजें।
मुख्य अभियंता सैयद अब्बास रिजवी ने बताया कि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्चाधिकारियों ने बिजली विभाग द्वारा कराए जा रहे कामों का निरीक्षण करके गुणवत्ता की जांच करने के आदेश दिए हैं।