झांसी। झांसी में ग्रामीण इलाकों में बारिश और ओलावृष्टि हुई। इससे फसलों को नुकसान हुआ। मौसम विभाग ने 21 मार्च तक यही हालात रहने के आसार जताए हैं। चार से लेकर 12 मिलीमीटर तक पानी गिर सकता है।
शुक्रवार को सुबह मौसम साफ था। दिन में धूप खिली होने की वजह से अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस रहा। शाम चार बजे से मौसम में बदलाव आना शुरू हुआ। आसमान में बादल घिरने शुरू हुए और सर्द हवाएं चलने लगीं। इसके बाद रक्सा, मऊरानीपुर, चिरगांव, बंगरा समेत ग्रामीण इलाकों में बारिश शुरू हो गई। रक्सा के पृथ्वीपुर नया खेड़ा गांव में ओले भी गिरे। किसानों ने बताया कि रबी की फसल पककर खड़ी है। मटर की फसल कट गई है और थ्रेसिंग का काम चल रहा है। गेहूं, चना, लाही की फसल भी पक गई है, जो एक सप्ताह बाद कटनी शुरू होनी है। बारिश से फसलों को क्षति हुई है। वहीं, बंगरा के किसानों ने बताया कि बारिश से गेहूं, चना, मटर, सरसों, मसूर की फसलों को नुकसान हुआ है। मौसम वैज्ञानिक डॉ. आदित्य कुमार सिंह ने बताया कि आगामी चार दिनों तक मध्यम से घने बादल छाए रह सकते हैं। बारिश होने के आसार हैं। अधिकतम तापमान 29 से 32 और न्यूनतम 17 से 19 डिग्री सेल्सियस तक रह सकते हैं। छह से लेकर 11 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। चार से 12 मिलीमीटर बारिश हो सकती है।
नुकसान का दिलाया जाए मुआवजा
किसान नेता अविनाश भार्गव का कहना है कि कई गांवों में बारिश, ओलावृष्टि से फसलें खराब हुई हैं। प्रशासन क्षति का आंकलन कराकर मुआवजा दिलवाए। वहीं, शिव नारायण सिंह परिहार का कहना है कि पिछले सालों के मुआवजा भी किसानों को नहीं मिल पाया है। अब फिर से बारिश से फसलें खराब हो गई हैं।
कब-कितनी हो सकती वर्षा
तिथि बारिश
18 मार्च चार मिलीमीटर
19 मार्च चार मिलीमीटर
20 मार्च 12 मिलीमीटर
21 मार्च 10 मिलीमीटर