मालगाड़ी के संचालन में लगे गार्ड व चालकों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। उनको ज्यादा दूरी तक नहीं भेजा जा रहा है। आने- जाने का इस तरह हिसाब रखा जा रहा है कि वे अधिकतम 12 घंटे में लौट आए। दोबारा ड्यूटी पर 30 घंटे के आराम के बाद ही बुलाया जा रहा है। रेलवे में कोराना महामारी से बचास के लिए लोकोमोटिव (इंजन) की सघन सफाई, चालक दल लॉबी में नवाचार और रनिंग स्टाफ के लिये राउण्ड ट्रिप यात्रा का प्रावधान किया जा रहा है। लोको शेड में सघन सफाई के अलावा सभी स्टेशन जहां पर चालक दल बदले जाते हैं ऐसे सभी पाइंट पर सभी लोकोमोटिव को साफ किया जा रहा है। सीएमएस पर चालक दल की बुकिंग क्रू (चालक व सहचालक) बुकिंग कंट्रोलर द्वारा की जा रही है, जिससे चालक दल द्वारा सीएमएस उपकरण को छूने से बचा जा सके। ब्रेथलाइजर परीक्षण के स्थान पर चालक से एक स्व घोषणा के आधार पर गाड़ी चलाने की अनुमति दी जा रही है। चालक दल की अपने बेस स्टेशन पर वापसी कर सुनिश्चित करने के लिए छोटे राउंड ट्रिप ड्यूटी पर मालगाड़ी में चालक एवं गार्ड की बुकिंग की जा रही है। प्रत्येक ड्यूटी चक्र के बाद सभी कर्मचारियों को 30 घंटे का आराम दिया जा रहा है। चालक दल और आवश्यक कर्तव्यों के लिए आने वाले अन्य सभी कर्मचारियों की थर्मल स्कैनिंग पहले से ही है।