मौके से पुलिस ने महावीरन नगर निवासी पूनम चौधरी व हंसारी निवासी अभिषेक चौधरी को गिरफ्तार किया। अभिषेक मूलत: बलिया जिले का रहने वाला है। जबकि, तीन अन्य आरोपी पूनम का पति संतोष चौधरी, पास्टर रोशनी व पास्टर आस्टिन स्मित भागने में कामयाब रहे। पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई है। पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वह महिलाओं को शिक्षा दे रहे थे। धर्म परिवर्तन का कोई मामला नहीं है।
धर्म परिवर्तन कराने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। मौके पर पूनम चौधरी व अभिषेक चौधरी मिले। ये लोग सेवा भारत ट्रस्ट व केथा ट्रस्ट की आड़ में धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित कर रहे थे। लोगों को बेहतर जीवन और पैसे का लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया जा रहा था। इनमें से ज्यादातर अल्प आय वर्ग के लोग हैं। मौके से ईसाई धर्म से संबंधित साहित्य भी बरामद किया गया है। -ज्ञानेंद्र कुमार सिंह, एसपी सिटी
कई दिनों से आ रहीं थीं महिलाएं
झांसी। मौके पर मौजूद महिलाओं ने पूछताछ में बताया कि वह कई दिनों से नियमित तौर पर वहां आ रहीं थीं। उन्हें ईसाई धर्म के बारे में बताया जाता था। साथ ही कहा जाता था कि उनकी परीक्षा होगी। परीक्षा पास करने के बाद उन्हें धर्म के प्रचार के लिए बाहर भेजा जाएगा। इनमें से पांच-छह महिलाएं मध्य प्रदेश के निवाड़ी की थीं। पुलिस ने सभी का ब्योरा दर्ज कर उन्हें जाने दिया।
कार्रवाई के दौरान जमा रहे हिंदूवादी संगठन
झांसी। पुलिस की कार्रवाई के दौरान बजरंग दल के विनोद अवस्थी, अतुल मिश्रा, रवि यादव, राष्ट्रभक्त संगठन के अंचल अड़जरिया समेत हिंदूवादी संगठनों के तमाम लोग जमा रहे। उन्होंने धर्म परिवर्तन कराने के आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। साथ ही आरोप लगाया कि आरोपियों द्वारा कई हिंदू परिवारों का धर्म परिवर्तित कर ईसाई बनाया जा चुका है।