अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। परीक्षार्थी को आत्मविश्वास हमेशा ऊंचा और मनोबल मजबूत रखना चाहिए। परीक्षा में कोई सवाल न छोड़ें। जितना भी आता है, उतना उत्तर जरूर लिखें। महत्वपूर्ण टॉपिक के नोट्स अलग से बनाएं। परीक्षा से पहले इनका रिवीजन जरूर करें। अमर उजाला की पहल पर हाईस्कूल, इंटरमीडिएट के बोर्ड परीक्षार्थियों को ये सुझाव मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. एनएस सेंगर ने दिए हैं।
प्राचार्य ने बताया कि जब वह बोर्ड परीक्षा दे रहे थे, तो वह खुद ही नोट्स बनाते थे। महत्वपूर्ण टॉपिक के नोट्स अलग से तैयार किए थे। ऐसे में जब परीक्षा का समय आता था तो सबसे पहले महत्वपूर्ण टॉपिक को पढ़ लेते थे। इससे रिवीजन भी जल्दी हो जाता था। कहा कि पढ़ने का कोई समय नहीं होता है। कुछ छात्रों को सुबह जल्दी उठकर पढ़ना पसंद है तो कुछ लोग देर रात तक। ऐसे में जिस छात्र के लिए जो समय उपयुक्त लगे, वह उसी समय पढ़ाई करे। बस इस बात का ध्यान जरूर रखे कि नींद पूरी होनी चाहिए। अगर नींद पूरी नहीं होगी तो चिड़चिड़ाहट या सिर में भारीपन बना रहेगा। इससे पढ़ा हुआ याद भी नहीं होगा। कहा कि हर एक अच्छा और हर दिन बुरा नहीं होता है। मेधावी छात्र होते हुए कभी-कभार कोई पेपर उम्मीद के अनुसार नहीं जाता है। ऐसे में किसी एक पेपर के अच्छा न होने पर तनाव न लें। बचे हुए पेपरों की तैयारी में और मेहनत करें।
इन बातों का भी रखें ध्यान
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- बोर्ड परीक्षा को लेकर तनाव कतई न लें।
- रोज कुछ देर ध्यान लगाएं, इससे एकाग्रता बढ़ेगी।
- लगातार पढ़ाई कर रहे तो बीच-बीच में टहल लें।
- सिर्फ पढ़ाई पर फोकस करें, अंकों पर नहीं।
- खानपान संतुलित रखें, ताकि तबीयत न बिगड़े।