झांसी। जेल में बंद सपा के पूर्व विधायक दीपनारायण सिंह यादव उर्फ दीपक की 23 गाड़ियां कुर्क की गईं हैं। हालांकि, इनमें से बरामद सिर्फ एक ही हो पाई है। बाकी 22 गाड़ियों की तलाश पुलिस कर रही है। इनमें सभी महंगी गाड़ियां हैं। बताया जा रहा है कि जब प्रशासन कार्रवाई करने के लिए जा रहा था तब यह सूचना लीक हो गई थी और परिजनों ने संपत्ति कुर्क होने से पहले ही सभी गाड़ियां हटा ली थीं।
गरौठा के पूर्व विधायक दीपनारायण सिंह यादव 27 सितंबर से जेल में बंद हैं। मंगलवार को पुलिस ने उनकी 237 करोड़ की संपत्ति कुर्क की थी। इसमें उनकी कोठी, कॉलोनी व जमीनों के अलावा 23 गाड़ियां भी शामिल थीं। हालांकि, तब बरामद सिर्फ एक कार पजेरो ही हो पाई थी। बाकी 22 गाड़ियों की अभी तलाश की जा रही है। इनमें दो बीएमडब्ल्यू, दो फॉर्च्यूनर, एक मर्सिडीज, एक ऑडी व रेंज रोवर जैसी मंहगी गाड़ियों के अलावा जेसीबी मशीन व ट्रैक्टर भी हैं। इन गाड़ियों की कीमत छह करोड़ से अधिक आंकी गई है। यह गाड़ियां पूर्व विधायक, उनके परिजनों व कंपनी के नाम से संभागीय परिवहन कार्यालय में पंजीकृत हैं।
दीपनारायण सिंह यादव उर्फ दीपक की 23 गाड़ियां कुर्क की गईं हैं। इनमें से एक गाड़ी बरामद हुई है। बाकी 22 वाहनों की तलाश की जा रही है। इन गाड़ियों का संचालन होते पाए जाने पर संबंधितों के खिलाफ भी कार्रवाई होगी। - राजेश एस, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक
झांसी जेल से हो सकता है ट्रांसफर
झांसी। सपा मुखिया अखिलेश यादव के दौरे के बाद से पूर्व विधायक दीपनारायण सिंह यादव पर प्रशासन और पुलिस का शिकंजा और भी कड़ा हो गया है। अखिलेश के दौरे के एक सप्ताह बाद उनकी दो बार संपत्तियां कुर्क की जा चुकी हैं। इसके अलावा अब उनका झांसी जेल से ट्रांसफर किए जाने की भी संभावना जताई जा रही है। हालांकि, अभी इस बारे में कोई भी अधिकारी कुछ बोलने को तैयार नहीं है।
अन्य जिलों में भी खोजी जा रही हैं संपत्तियां
झांसी। दीपनारायण सिंह यादव की संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई अब तक झांसी जनपद में ही की गई है। लेकिन अब पूरे प्रदेश में उनकी संपत्तियों की पड़ताल की जा रही है। इस संबंध में सब रजिस्ट्रार कार्यालयों को निर्देश जारी किए गए हैं। खासतौर पर लखनऊ और नोएडा में पड़ताल जारी है। सब रजिस्ट्रार झांसी द्वितीय विवेक कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश के अलग-अलग जिलों में संपत्तियों की खोजबीन जारी है।