दतिया। ग्राम बसई जीव निवासी कल्याण (41) बकरी पालन कर परिवार की गुजर बसर करता है। वह गांव के पास निकली सिंध नदी के किनारे बकरियां चराने जाता है। मंगलवार को भी वह सिंध नदी किनारे बकरियां चराने गया था। जब वह नदी में भरे पानी के पास पहुंचा तभी रेत में छिपे करीब दस फीट लंबे मगरमच्छ ने उस पर हमला कर दिया। कल्याण ने अपने हाथों से उससे खुद को छुड़ाना चाहा लेकिन मगरमच्छ ने उसके दोनों हाथ कोहनियों तक चबा लिए। उसके चिल्लाने पर आसपास के ग्रामीण उसे बचाने के लिए दौड़े और पत्थर तथा लाठियों से हमला कर किसी तरह कल्याण को मगरमच्छ के चंगुल से छुड़ा लिया। ग्रामीण कल्याण के हाथों में तौलिया बांधकर ट्रैक्टर से अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां मरहम पट्टी के बाद उसे इंदरगढ़ अस्पताल भेज दिया। बाद में यहां से उसे ग्वालियर रेफर कर दिया गया। मालूम हो कि पिछले करीब दोसाल में इंसानों पर मगरमच्छ का हमला करने की यह दूसरी घटना है। वर्ष 2018 में भी सेंवढ़ा निवासी हरीमोहन सेन शराब के नशे में सिंध नदी में उतर गया थ जिसमें भी मगरमच्छ ने उसके दोनों हाथ कंधे तक चबा लिए थे।