महिला मित्र से मिलने काठमांडू से आए युवा के अनुसार ऑटो चालक और साथियों ने ट्रॉली बैग लूट लिया। उसमें 50 हजार रुपये नकद, पहचान पत्र, मोबाइल, कपड़े आदि सामान रखा था। ऑटो चालक व साथियाें ने उसके साथ मारपीट भी की।
पीड़ित सुमन के मुताबिक तीन दिन पहले वह रात के समय झांसी आ गया। रेलवे स्टेशन पर एक ऑटो चालक से किसी होटल में छोड़ने को कहा। मगर, ऑटो चालक की नीयत खराब हो गई और उसने आगे तीन और अपने साथियों को बैठा लिया। कुछ दूर जाने के बाद सुमन के साथ उक्त लोगों ने मारपीट की और उसका ट्राली बैग लेकर भाग गए। ट्राली बैग में 50 हजार रुपये नकद, पहचान पत्र, मोबाइल, कपड़े आदि सामान रखा था। घायल हालत में वह स्टेशन के आसपास ही पड़ा रहा। बृहस्पतिवार की सुबह वह किसी तरह चित्रा चौराहे के पास पर्यटन कार्यालय पहुंचा।
पर्यटन कार्यालय के कर्मचारियों ने उसकी आपबीती जानने के बाद उसे नवाबाद थाने भिजवाया। यहां निरीक्षक एपी वर्मा को उसने घटना के बारे में बताया। चूंकि, नेपाली युवक के मुंह से शराब की महक आ रही थी, इस कारण उसे शराबी मान लिया गया। नेपाली युवक बोलचाल में अंग्रेजी भाषा का भी अधिक प्रयोग कर रहा था। बाद में उसे किसी तरह थाने से चलता कर दिया। कोई कार्रवाई न होने पर थाने से जाते-जाते पीड़ित शोर मचाकर पुलिस की कार्यप्रणाली को कोसता रहा।
‘मैंने मामले की जांच करवाई। नेपाली युवक झांसी में नहीं आगरा में घटना का शिकार हुआ। इस कारण उसे जाने दिया गया। वह आगरा में अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है।’
जितेंद्र सिंह चंदेल, नवाबाद थाना प्रभारी।