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पुलिस का हमले पर सवालिया निशान

Mon, 19 Dec 2016 12:33 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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police, jhansi news - फोटो : demo
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बड़ागांव थाना पुलिस यह मानने को तैयार नहीं कि कारोबारी संजीव पर बाइक सवार हमलावरों ने गोली चलाई। तर्क है कि छर्रे ऊपर से नीचे की तरफ लगे हैं, जिससे हमला तो नहीं लगता। तमंचा तो कारोबारी भी रखता था। संभव है कि वहीं चल गया हो। वहीं, पुलिस सूत्र बताते हैं कि दोहरे हत्याकांड में बंद कैलाश राजपूत ने खास गुर्गे से गोली चलवाई थी। 
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तीन अगस्त 2015 में बड़ागांव के बस स्टैंड के पास दिनदहाड़े एक दुकान में घुसकर कैलाश राजपूत, मोहित यादव, सोमवीर कुशवाहा, सुनील कुशवाहा और रिंकू रायकवार ने गोलियां चलाकर बचावली गांव निवासी संजय यादव व बसोवा निवासी संजय यादव को मौत के घाट उतारा था। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। दोहरे हत्याकांड की अदालत में पैरोकारी विजय यादव कर रहे हैं। विजय की कारोबारी संजीव से काफी नजदीकी है। जेल से पेशी पर जाते समय कैलाश राजपूत ने पत्र भेजा, जो संजीव के पास 29 नवंबर को पहुंचा। पत्र में 10 लाख रुपये की मांग पूरी नहीं करने पर कारोबारी या उसके पुत्र को मार डालने की धमकी दी गई। बड़ागांव के तत्कालीन थाना प्रभारी बीएल यादव ने रिपोर्ट दर्ज करने के बाद जेल में कैलाश राजपूत से पूछताछ की जिसमें उसने पत्र भेजना स्वीकार किया। 

15 दिसंबर की शाम को कारोबारी संजीव दुकान बंद कर रहे थे, तभी बाइक पर आए दो बदमाशों ने गोली चला दी। गोली के छर्रे कारोबारी के पैर में लगे। 16 दिसंबर को कारोबारियों ने डीआईजी शरद सचान से मुलाकात की, तो बड़ागांव थानाध्यक्ष को तीन दिन के अंदर हमलावरों को गिरफ्तार करने के आदेश दिए गए। बड़ागांव थानाध्यक्ष भानु का कहना है कि कारोबारी पर फायरिंग संदिग्ध है। कारोबारी के छर्रे ऊपर से नीचे की तरफ लगे हैं, ऐसा हमलावर द्वारा चलाई गोली से संभव नहीं है। कारोबारी अपनी सुरक्षा में तमंचा भी रखता था, संभव है कि वहीं चला हो। वहीं, पुलिस सूत्रों का कहना है कि जेल में बंद कैलाश राजपूत के इशारे पर उसके गुर्गे ने गोली चलाई थी।
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वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अखिलेश कुमार चौरसिया ने बताया कि जेल में बंद कैलाश कुशवाहा के इशारे पर गोली मारने की बात सामने आई थी। इसको लेकर उससे जेल के अंदर जाकर पूछताछ की गई है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी के फुटेज भी देखे जा रहे हैं। जल्द ही स्थिति स्पष्ट हो जाएगी और दोषियों पर कार्रवाई होगी। 
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