मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजेश चौधरी की अदालत ने आंख के ऑपरेशन में लापरवाही पर संबंधित चिकित्सक के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए।
पारीछा निवासी निरंजन सिंह ने अदालत में दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि उन्होंने 23 जनवरी को एक निजी अस्पताल में एक डाक्टर से अपनी मां का मोतियाबिंद का ऑपरेशन कराया था, जिसकी 27,500 रुपये फीस जमा की थी। लेकिन, ऑपरेशन के बाद रोशनी पहले से कम हो गई तथा आंख में दर्द बढ़ गया। इस दौरान कई बार ऑपरेशन करने वाले चिकित्सक को दिखाया, परंतु आराम नहीं मिला। इस पर एक दूसरे नेत्र चिकित्सक को दिखाया। उन्होंने बताया कि आंख में डाला गया लैंस टूटा हुआ है तथा मवाद पड़ने की भी संभावना है। इसके बाद इंदौर में एक चिकित्सक को दिखाया। उन्होंने भी यही बताया। डाक्टर के खिलाफ कार्रवाई के लिए एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया गया, परंतु कोई कार्रवाई नहीं हुई।
पूरे मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने थाना नवाबाद पुलिस को संबंधित नेत्र चिकित्सक के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए।