सीपरी बाजार के नंदनपुरा स्थित पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) में दिनदहाड़े हुई डकैती के मामले में पुलिस ने एक डकैत को हिरासत में लिया है। उसके बाकी साथियों की तलाश में छापेमारी की जा रही है। पुलिस का दावा है कि अगले 24 घंटे के अंदर सभी डकैतों को गिरफ्तार कर लूटी गई रकम भी बरामद कर ली जाएगी। पूछताछ और पड़ताल में पुलिस को पता लगा है कि बैंक में लूटपाट का प्लान झांसी जेल के अंदर बना था।
बृहस्पतिवार को नकाबपोश सशस्त्र बदमाशों ने पीएनबी में घुसकर बम फेंककर प्रबंधक एम.बी आर्या, सहायक प्रबंधक प्रदीप कुमार समेत तीन लोगों को घायल दिया था। इसके बाद 2.50 लाख रुपये लूट कर फरार हो गए थे। पुलिस ने पीएनबी के अलावा बगल में स्थित एक अन्य बैंक के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेजों को खंगाला तो पता लगा कि लूटपाट में पांच लुटेरे शमिल थे।
इसमें दो बाइक स्टार्ट करके बैंक के बाहर खड़े थे, जबकि तीन नकाबपोशों ने बैंक के अंदर वारदात को अंजाम दिया। पीएनबी के फुटेजों का गहनता से निरीक्षण करने पर पता चला है कि पांचों बदमाश कुछ दिन पहले ही जेल से छूटकर आए हैैं। इसके बाद पुलिस के हाथ कुछ संदिग्ध मोबाइल नंबर हाथ लगे। जब उन्हें खंगाला गया तो बदमाशों के बारे में पुख्ता जानकारी मिल गई। पुलिस सूत्र बताते हैं कि वारदात में शामिल एक लुटेरे को हिरासत में ले लिया है, जो मध्यप्रदेश के निवाड़ी थाना क्षेत्र का रहने वाला है।
उसने अपने अन्य साथियों के नामों का भी खुलासा कर दिया है, जिनमें एक लुटेरा कोतवाली क्षेत्र का बताया जा रहा है। पुलिस को पता चला है कि बैंक में लूटपाट की प्लानिंग जेल के अंदर बनी थी, जिसमें बलात्कार का एक आरोपी भी शामिल है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मनोज तिवारी ने बताया कि कई महत्वपूर्ण सुराग हाथ लग गए हैं। अगले 24 घंटे के अंदर पूरे मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
मध्यप्रदेश में बनवाए गए थे बम
पुलिस ने पटाखे और देसी बम बनाने वाले कई लोगों से पूछताछ की तो पता चला कि बैंक में लूट करने के दौरान जिन बमों को इस्तेमाल किया गया था, वह मध्यप्रदेश में बनाए गए थे। शुक्रवार को पुलिस बम बनाने वाले के पास पहुंची और पूछताछ की। उससे भी पुलिस को लुटेरों के बारे में जानकारी हाथ लगी है।