फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दोस्त ने की थी गला घोंटकर हत्या

Fri, 06 Nov 2015 12:46 AM IST
ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। प्रेमगंज में एक घर के अंदर युवक की रहस्यमय तरीके से हुई हत्या का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। युवक की हत्या उसके दोस्त ने जेवर व नकदी हड़पने के उद्देश्य से की थी। पुलिस ने शराब की बोतल पर मिले फिंगर प्रिंट के मदद से हत्या का राज उजागर कर दिया। अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया है।
विज्ञापन


एसएसपी सुभाष चंद्र दुबे ने पत्रकारों को बताया कि 15 जुलाई को प्रेमगंज के एक मकान में प्रतीक उर्फ जतिन अग्निहोत्री (27) पुत्र द्वारिका प्रसाद अग्निहोत्री का शव फांसी के फंदे पर लटका शव मिला था। प्रतीक के दोनों हाथ पीछे की तरफ बंधे थे। कमरे में शराब की बोतल रखी थी।

चूंकि, दरवाजा तोड़कर कमरे में घुसना पड़ा, इसलिए हत्या पूरी तरह से रहस्यमय बन गई। घटना की रिपोर्ट अज्ञात के खिलाफ मृतक की बहन मीनाक्षी अग्निहोत्री ने दर्ज कराई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जतिन की गला दबाकर हत्या करने व शव फांसी के फंदे पर लटकाने की पुष्टि हुई। पुलिस ने जतिन के दोस्तों से पूछताछ की मगर सुराग नहीं मिला। इसके बाद मौका-ए-वारदात से बरामद शराब की बोतल से फिंगर प्रिंट लिए गए, जिसकी मैचिंग उसके कुछ दोस्तों से कराई गई मगर मिलान नहीं हुआ।
विज्ञापन


इस दरमियान मृतक के सबसे नजदीकी दोस्त धर्मेंद्र चौबे उर्फ टाइगर पुत्र नरेंद्र कुमार चौबे निवासी प्रेमगंज के बातचीत करने के दौरान फिंगर प्रिंट लिए गए। खास बात यह है कि धर्मेंद्र पहले ही दिन से यह दावा कर रहा था कि जतिन ने आत्म हत्या की है, वह सबसे पहले मौके पर पहुंचा था। फोरेंसिक एक्सपर्ट ने जांच रिपोर्ट में खुलासा किया कि शराब की बोतल पर मिले निशान धर्मेंद्र के हैं।

इसके बाद पुलिस हत्यारोपी की तलाश में जुट गई। बुधवार की शाम करीब पांच बजे थानाध्यक्ष कामता प्रसाद ने मुखबिर की सूचना पर टीवीएस शोरूम नंदनपुरा के पास धर्मेंद्र को गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में उसने बताया कि वारदात की रात प्रतीक के ही घर में उसने दोस्तों के साथ बैठकर शराब पी। प्लानिंग से उसने प्रतीक को ज्यादा शराब पिलाई। सभी दोस्त पार्टी से उठकर चले गए और वह बैठा रहा। रात करीब एक बजे के बाद उसने प्रतीक के मौका लगते ही दोनों हाथ रस्सी से बांध दिए, फिर गला दबाकर हत्या कर दी।

लोगों को गुमराह करने के इरादे से उसने शव फांसी के फंदे पर लटका दिया। इसके बाद मकान के अन्य दरवाजे अंदर से बंद कर वह एक दरवाजे से निकल गया था। किवाड़ उसने लटका दिए थे। अगले दिन वह मौके पर पहुंचा। उसने नाटक किया कि किवाड़ अंदर से बंद हैं।

भीड़ के जमा हो जाने के बाद दरवाजा तोड़कर घर में घुसा और शव को फंदे से उतरवाया। हत्यारोपी ने बताया कि जतिन ने उसके पास तीन सोने की चेन, छह अंगूठी और 90 हजार रुपये धरोहर के रूप में रखे थे, जिन्हें कब्जाने के लिए उसने जतिन की हत्या कर दी। जतिन के माता पिता की पहले ही मौत हो चुकी है। बहन मीनाक्षी घटना के दिन कुशीनगर गई हुई थी। पुलिस ने धर्मेंद्र की निशानदेही पर जतिन का पर्स, पांच एटीएम कार्ड और 200 रुपये बरामद कर लिए हैं।

एसएसपी ने ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करने वाली टीम को पांच हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र देकर पुरस्कृत करने की घोषणा की है। पुरस्कार पाने वाली टीम में थानाध्यक्ष कामता प्रसाद, उपनिरीक्षक राजेंद्र सिंह, कांस्टेबल जोगेंद्र कुमार दुबे व जगदीश सिंह हैं।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें