कचहरी में हवालात के रोशनदान की जाली काटकर पांच कैदियों केे भागने के बाद पुलिस प्रशासन को होश आया है। अबेे ेहेवालात के चारों तरफ सशस्त्र पुलिस कर्मियों को तैनात किया जा रहा है। कोर्ट में पेशी पर जाने वाले कैदियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए वीडियोग्राफी भी की जा रही है।
21 सितंबर को कचहरी में पेशी पर आए अपहरण के आरोपी जालौन के रामपुरा निवासी गंगाराम जाटव और मुनेश यादव सिपाही को धक्का देकर भाग गए थे। बावजूद इसके पुलिस प्रशासन नहीं चेता। इसका परिणाम यह रहा कि पांच अक्तूबर को हवालात में बंद अपहरण और हत्या के आरोपी सीपरी बाजार निवासी सूरज अहिरवार, बबीना निवासी होशियार सिंह, बड़ागांव निवासी रिंकू रायकवार, भिंड निवासी केशव पंडित और इटावा निवासी योगेंद्र सिंह रोशनदान की जाली काटकर भाग निकले। इससे कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खुल गई। इसके बाद नींद से जागे पुलिस प्रशासन ने उच्चाधिकारियों के साथ बैठक की। तय किया गया कि हवालात के बाहर ऊंची बाउंड्री बनाई जाएगी। जिसके लिए जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से बजट स्वीकृत करके बाउंड्री का निर्माण शुरू करवा दिया है। वहीं, एसएसपी के आदेश पर पुलिस का पहरा सख्त कर दिया गया है। योजना के तहत हवालात के चारों तरफ सशस्त्र पुलिस बल को लगाया जा रहा है। इसके अलावा कचहरी में कैदियों की वीडियो रिकार्डिंग की जा रही है। एक पुलिस कर्मी कचहरी में घूम-घूमकर कैदियों की गतिविधियों को कैमरे में कैद करने में लगा है ताकि पता चल सके कि कैदी से किसने बात की और क्या खाया?
सीओ सिटी आलोक शर्मा ने बताया कि कचहरी के अंदर और बाहर सुरक्षा का घेरा बनाया गया है। इसी तरह से हवालात की सुरक्षा व्यवस्था होगी। कैदियों की हर गतिविधि पर नजर रखने के लिए वीडियोग्राफी करवाई जा रही है। तय किया गया है कि हर कैदी के साथ कम से कम एक सशस्त्र पुलिस कर्मी अदालत तक जाएगा।