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तैयार थी झांसी पुलिस, बाजी मार ली ग्वालियर ने-Lalitpur

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तैयार थी झांसी पुलिस, बाजी मार ली ग्वालियर ने
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झांसी। उत्तर प्रदेश पुलिस के लिए सिरदर्द बना झांसी का कुख्यात बदमाश अजय जडेजा को पकड़ने के लिए झांसी पुलिस कई दिनों से लगातार प्रयासरत थी, लेकिन सटीक मुखबिरी न होने से उसे सफलता नहीं मिल पा रही थी। वहीं शुक्रवार को ग्वालियर पुलिस अजय के गिरोह को पकड़ने में कामयाब रही। साथियों सहित अजय के ग्वालियर में पकड़े जाने की जानकारी मिलते ही झांसी पुलिस मन मसोस कर रह गई। पूछताछ करने के लिए झांसी से स्वॉॅट, कोतवाली और सीपरी पुलिस ग्वालियर पहुंच गई है।
सीपरी बाजार के गांव पहलगांव निवासी अजय जडेजा उर्फ जनक यादव जरायम की दुनिया का जाना पहचाना नाम है। कई चर्चित हत्याओं में अजय का नाम सामने आया है। पिछले साल जिले के चर्चित कारोबारी राजू कमरया व उनके साथी राहुल छोले के अपहरण के बाद अजय जडेजा व उसके गैंग के सदस्यों का नाम सामने आया था। इसके बाद अधिकारियों ने उसे दबोचने के लिए निर्देश दिए, लेकिन सब बेकार रहे। अधिकारियाें से लेकर लगातार थानेदार बदलते रहे, लेकिन अजय जडेजा पुलिस के हाथ नहीं आ सका। समय - समय पर अजय जडेजा के झांसी आने के इनपुट भी मिले, लेकिन पुलिस उसे पकड़ना तो दूर उसकी परछाई भी नहीं छू सकी।
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लोकसभा चुनाव आने से पहले ही पुलिस ने उसे दबोचने की तगड़ी तैयारी कर रखी थी। पुलिस ने झांसी से लेकर कई जिलोें में तगड़ा नेटवर्क भी बिछा रखा था, लेकिन इसके बाद भी नेटवर्कों को धता बताकर अजय भाग निकलता। शुक्रवार को ग्वालियर पुलिस ने उसे पकड़ा है। ग्वालियर पुलिस का कहना है कि झांसी की ओर से अजय अपने साथियों के साथ आ रहा था। इसका मतलब जनपद की सीमा में अजय जडेजा था, लेकिन इस बार भी पुलिस के हाथ नाकामी लगी। अब पुलिस उससे पूछताछ करने ग्वालियर पहुंच गई है।

अजय पर है पचास हजार रुपये का इनाम
जिले में अजय जडेजा पर कई मामले दर्ज हैं। कोतवाली में 364 ए, 216 ए, 368, 120 बी, गैंगस्टर, थाना सीपरी बाजार में 324, 323, 504, 506 व धारा 323, 504, 324, 452, थाना बड़ागांव में धारा 302, धारा 25 आर्म्स एक्ट, नवाबाद में धारा 307, 224, 225 के मामले दर्ज हैं। राजू कमरया मामलेे में भी फरार होने के चलते अजय जडेजा के घर कुर्की के नोटिस चस्पा कर चुकी है। अजय पर पचास हजार रुपये का इनाम भी घोषित है। झांसी के साथ ही मेरठ के थाना ब्रह्मपुरी, थाना जानी, थाना कोतवाली, थाना सिविल लाइन, थाना इचौली, थाना मेडिकल, थाना सदर बाजार, नौचंदी, परतापुर में कई मामले दर्ज हैं। इसके अलावा, हरियाणा के थाना सदर भीवानी समेत आगरा के थाना न्यू आगरा, थाना सदर व थाना सेक्टर 40 नोेएडा में भी मामला दर्ज है।

कमरया अपहरण कांड की रची थी साजिश
झांसी। जिले के चर्चित कारोबारी राजू कमरया के अपहरण कांड का अजय जडेजा मास्टर माइंड था।
कोतवाली के डरू भौंडेला निवासी राजू कमरया व उनके साथी राहुल छोले के 12 जुलाई 2017 की रात हुए अपहरण में विनोद चौधरी, जितेंद्र चौधरी, लोकेंद्र चौधरी निवासी हाथरस, दीपू शर्मा, धर्मवीर सिंह, संजय चाहर निवासी आगरा, नेत्रपाल सिंह निवासी बुलंदशहर व पुलिया नंबर-9 झांसी निवासी कमलेश यादव को गिरफ्तार किया गया था। आरोपियों ने बताया था कि अजय जडेजा ने ही पूरे अपहरणकांड की साजिश रची थी।

मोबाइल का नहीं करते थे प्रयोग
अजय जडेजा गिरोह का कोई भी सदस्य मोबाइल का उपयोग नहीं करता था, इसीलिए पुलिस भी पकड़ने में गच्चा खा जाती थी। घर पर बात करने के लिए रिक्शे वाले से मोबाइल लेकर बात करते थे। उनको घर पर बड़ी समस्या बताकर मोबाइल लेकर बात करते थे।

कई प्रदेशों की पुलिस को थी तलाश
अमर उजाला ब्यूरो
ग्वालियर। पुलिस द्वारा पकड़े गए बदमाशों से पूछताछ में पता चला कि इनमें पश्चिमी उत्तर प्रदेश का कुख्यात बदमाश अजय यादव उर्फ अजय जडेजा उर्फ जनक यादव निवासी सीपरी बाजार झांसी भी है। अजय जडेजा पर उत्तर प्रदेश झांसी के डीआईजी ने पचास हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। बदमाश अजय जडेजा पर झांसी, एटा, मैनपुरी, फिरोजाबाद, मेरठ, आगरा, नोएडा , हरियाणा, राजस्थान पुलिस में 31 अपराध दर्ज है जिसमें हत्या, हत्या का प्रयास ,अपहरण, लूट, डकैती आदि के मामले दर्ज हैं। पुलिस अब झांसी, दिल्ली, हरियाणा पुलिस से संपर्क में हैं और पकडे़ गए बदमाश के बारे में जानकारी दे दी है। मध्य प्रदेश पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस को लगभग दो वर्ष से अजय जडेजा की विभिन्न अपराधों में तलाश थी।
पुलिस ने इसी के साथ तीस हजार रुपये के इनामी और पुलिस अभिरक्षा से भागे भीमसिंह उर्फ भीमा यादव निवासी हेवतपुरा भिंड को भी पकड़ा है। पुलिस ने भीमा के एक साथी को पकड़ कर उसकी निशानदेही पर एक लूटी इंसास रायफल भी बरामद कर ली थी। पुलिस ने इसी के साथ देवेंद्र यादव उर्फ फौजी निवासी हैवतपुरा भिंड, जीतू पाल निवासी ग्राम निवी थाना चिरगांव झांसी, भीमा का साला अवनीश यादव निवासी आवाजपुर थाना किशनी मैनपुरी उत्तर प्रदेश तथा प्रदीप उर्फ कुंदन यादव निवासी लेखराजपुर थाना कुर्रा जिला मैनपुरी उत्तर प्रदेश को भी पकड़ा है। पुलिस ने पकडे़ गये बदमाशों के पास से तीन पिस्टल 32 बोर, 315 बोर के तीन कट्टे और कारतूस के अलावा एक सफेद रंग की क्रेटा कार बिना नंबर तथा एक इंडिगो मटमैले रंग की कार भी जब्त किया है। पुलिस महानिरीक्षक राजाबाबू सिंह ने बताया कि जब्त कारों में पगड़ी, दाड़ी-मूंछे भी मिली है। बदमाश दिल्ली हरियाणा की नंबर प्लेट लगाकर वाहन चलाते थे। उन्होंने बताया कि भीमा को पुलिस अभिरक्षा से भगाने में मास्टर माइंड अजय जडेजा ही था।
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पुलिसकर्मियों के आंखों में मिर्च झोंककर भाग गया था भीमा
ग्वालियर। भीमा यादव भोपाल से भिंड न्यायालयीन पेशी पर सात दिसंबर 18 को आया था। वहां से वापस लौटते समय महाराजपुरा ग्वालियर के लक्ष्मणगढ़ पुलिया के पास पुलिस कर्मियों की आंखों में मिर्ची झोंक कर उनकी मारपीट कर दो इंसास रायफलें लूट कर तथा एक सिपाही का अपहरण कर भाग निकले थे। बाद में बदमाश सिपाही को इटावा उत्तर प्रदेश के पास छोड़ कर भाग गये थे।
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