शवों की पहचान के लिए चार राज्यों की मदद ली जाएगी
झांसी। थाना प्रेमनगर स्थित नौ नंबर रेलवे लाइन पर मिले युवक व युवती के शवों की शिनाख्त कराने के लिए चार राज्यों की पुलिस मदद ली जाएगी। प्रेमनगर पुलिस की एक टीम जल्द रवाना होगी। पुलिस मान रही है कि दोनों के लापता होने के बाद गुमशुदगी जरूर दर्ज हुई होगी।
शुक्रवार सुबह थाना प्रेमनगर के नौ नंबर रेलवे क्रॉसिंग स्थित झांसी - मुंबई रेल मार्ग पर पटरियों के किनारे संदिग्ध परिस्थितियों में युवक व युवती के शव पड़े मिले थे। कुछ ही दूरी पर बैग, चादर और पानी की बोतलें भी मिली थीं। युवती का एक पैर कटा था, उसके सिर में गहरी चोट थी। वहीं, युवक के सिर में चोट थी। पुलिस का मानना था कि ट्रेन की चपेट में आने से युवक - युवती की मौत हुई है। पुलिस ने आसपास के सभी इलाकों में शिनाख्त के प्रयास किए थे, लेकिन सफलता नहीं मिली थी।
इस प्रकरण को करीब एक सप्ताह बीतने को है, लेकिन अब तक पुलिस को दोनों का कोई सुराग नहीं मिल सका है। आसपास के जिलों में भी प्रयास के बाद भी सफलता नहीं मिल सकी थी। सुराग लगाने व शिनाख्त कराने के लिए स्थानीय पुलिस जल्द ही दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, हरियाणा पुलिस की मदद लेगी। इसके लिए प्रेमनगर पुलिस की एक टीम कई जिलों मेें जाकर संपर्क करेगी, ताकि दोनाें की जानकारी मिल सकेगी। पुलिस का मानना है कि दोनों के लापता होने की गुमशुदगी कहीं न कहीं किसी थाने पर जरूर दर्ज होगी। इसके लिए टीम दोनों मृतकों की फोटो भी साथ लेकर जाएगी। एसएसपी डॉ. ओपी सिंह ने बताया कि दोनों की शिनाख्त कराने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी आई दुर्घटना
दोनों मृतकों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी आ चुकी है जिसमें दोनों की मौत की वजह दुर्घटना बताई गई है। पुलिस भी दोनों की मौत ट्रेन की चपेट में आकर मौत बता रही थी। अब दोनों मौत ट्रेन से गिरकर या ट्रेन की चपेट में आकर हुई है। यह अब तक स्पष्ट नहीं हो सका। ट्रेन से गिरने वाली बात पर भी कई सवाल खड़े होते हैं। यदि ट्र्रेन से दोनों गिरते तो फिर बैग कैसे मिलता। यदि दोनोें एक साथ गिरते भी तो कोई यात्री तो घटना होेते देखता।
सोशल मीडिया का भी सहारा ले रही पुलिस
प्रेमनगर पुलिस ने दोनों की शिनाख्त कराने के लिए हर संभव प्रयास शुरू कर दिए हैं। प्रेमनगर पुलिस ने एक पंफ्लेट बनाकर सोशल मीडिया पर मैसेज के जरिये लोगों तक पहुंचाया रहा है जिसमें अधिक से अधिक शेयर करने को भी कहा जा रहा है। पुलिस फेसबुक के साथ व्हाट्सएप व ट्विटर पर मैसेज कर रही है जिस पर थानेदार के साथ पुलिस अधिकारियों के भी नंबर अंकित हैं।