झांसी। नगर निगम में भाजपा पार्षदों के बीच छिड़ा घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा। छह भाजपा पार्षद कार्यकारिणी से इस्तीफा देने को लेकर लामबंद हो गए हैं। मंगलवार को ये सभी पार्षद महापौर बिहारी लाल आर्य का नगर निगम में इंतजार करते रहे लेकिन, पार्षदों के इस कदम की भनक लगने से महापौर नहीं आए। बागी गुट के पार्षदों ने बृहस्पतिवार को महापौर के आने पर सामूहिक इस्तीफा देने का एलान कर दिया है।
बारह सदस्यीय कार्यकारिणी में भाजपा के नौ पार्षद हैं लेकिन, उपसभापति पद के चुनाव से भाजपा के अंदरखाने में विवाद छिड़ गया। कार्यकारिणी में शामिल भाजपा पार्षदों ने महापौर समेत टिकट तय करने वाले नेताओं के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल दिया है। उनके ऊपर टिकट बंटवारे में मनमानी का आरोप लगाया। आरोप है कि वरिष्ठता की अनदेखी करते हुए प्रियंका को टिकट दिया गया। सोमवार को कार्यकारिणी से प्रदीप खटीक ने इस्तीफा देकर पार्षदों के विरोध को मुखर कर दिया।
मंगलवार को वरिष्ठ पार्षद दिनेश प्रताप सिंह बंटी राजा की अगुवाई में पार्षदों की बैठक हुई। इस दौरान पांच पार्षदों ने सामूहिक इस्तीफे के प्रारूप पर हस्ताक्षर किए। पार्षद दिन भर इस्तीफा देने के लिए महापौर का इंतजार करते रहे लेकिन, महापौर नगर निगम नहीं आए। भाजपा पार्षदों का कहना है कि इस्तीफा के प्रारूप पर एक पार्षद को छोड़कर अन्य ने हस्ताक्षर कर दिए है। बृहस्पतिवार को महापौर के आने पर उनको इस्तीफा सौंपेंगे। उधर, भाजपा पार्षदों के बागी रवैये से पार्टी नेताओं में भी खलबली मची है। पार्टी के वरिष्ठ नेता भी पार्षदों को समझाने में जुटे हैं।
टिकट बंटवारे से भाजपा पार्षदों में नाराजगी है। हम लोग मंगलवार दिन भर नगर निगम में महापौर का इंतजार करते रहे। सभी पार्षदों ने सामूहिक तौर पर पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं। महापौर के आने पर इसे उनको सौंप दिया जाएगा। - दिनेश प्रताप सिंह, नेता सदन, भाजपा
भाजपा में सभी कार्यकर्ता समान हैं। जो नए कार्यकर्ता हैं, उनको भी मौका मिलता है। यह पार्टी का भीतरी मामला है। इसे सभी के साथ मिल बैठकर सुलझा लिया जाएगा। - बिहारी लाल आर्य, महापौर