झांसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) के कार्यों की विस्तार से समीक्षा की। खास तौर से भूमि अधिग्रहण को पारदर्शी तरीके से करने पर जोर दिया। सीएम ने अफसरों को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि मुआवजा देने में किसी तरह की बहानेबाजी नहीं चलेगी। अगर पट्टे की जमीन भी ली जाती है तब उसका भी परिजनों को मुआवजा दिया जाए। उनको यह मुआवजा दिया जाए अथवा उनके लिए आवास का इंतजाम किया जाए। मुख्यमंत्री ने बीडा में स्किल ट्रेनिंग के साथ डेटा सेंटर को भूमि आवंटित करने का सुझाव दिया। कहा, युवाओं को स्वावलंबी बनाया जाए जिससे औद्योगिक इकाई स्थापित होने पर उनको नौकरी दी जा सके। उन्होंने बीडा को बुंदेलखंड का ग्रोथ इंजन बताया। उन्होंने बताया कि बीडा में 200 जापानी सीईओ भ्रमण के लिए आएंगे। सिंगापुर से भी निवेशकों के यहां आने की उम्मीद है। सीईओ संजय खत्री ने पावर प्वांइट के जरिए बीडा के अब तक कार्यों के बारे में बताया। उन्होंने भू अर्जन समेत प्रस्तावित महायोजना एवं ऐक्टिवेशन एरिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी। सीईओ ने आवश्यक तकनीकी कार्मिकों की जरूरत के बारे में भी मुख्यमंत्री को बताया।