फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jhansi News: सफाई में कमी और दूषित भोजन खाने से बच्चों के पेट में हो सकते कीड़े

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

झांसी। व्यक्तिगत स्वच्छता की कमी, कच्चा और दूषित भोजन, अधिक मिठाई और जंक फूड के सेवन से बच्चों के पेट में कीड़े हो सकते हैं। बच्चों को कृमि संक्रमण होने से पेट में सूजन, दर्द, दस्त, उल्टी, थकान, बिना कारण वजन कम होना, गैस की समस्या हो सकती है। ऐसे में छह से 59 महीने के बच्चे को समय-समय पर एल्बेंडाजोल खिलाना जरूरी है।
विज्ञापन

मेडिकल कॉलेज की कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की सहायक आचार्य डॉ. सुधा शर्मा ने बताया कि पेट में कीड़ा एनीमिया और कुपोषण का कारण बन सकता है। इससे मानसिक और शारीरिक विकास प्रभावित होता है। भारत में 6-59 माह के करीब 10 में से 7 बच्चे एनीमिया से प्रभावित हैं। इसलिए हर छह माह में पेट में कीड़े खत्म करने के लिए एल्बेंडाजोल दवा की एक गोली खाना जरूरी है। मेडिकल कॉलेज कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की अध्यक्ष डॉ. शोभा चतुर्वेदी ने डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि भारत में नवजात बच्चों से लेकर 14 साल तक के बच्चों की आंतों में कीड़े होने का खतरा रहता है। करीब 24 फीसदी जनसंख्या मृदा संचालित रूप से संक्रमित है। वहीं, जनपद में अभियान के प्रबंधक रामबाबू का कहना है कि झांसी में करीब 14 लाख बच्चों को हर साल एल्बेंडाजोल की दवा शिक्षा विभाग, बाल विकास विभाग के सहयोग से खिलाई जाती है। पिछले अभियान में कवरेज 95 प्रतिशत थी।
विज्ञापन


ऐसे करें बचाव
...................
- नाखून साफ और छोटे रखें
- हमेशा साफ पानी पीएं - खाने को ढक कर रखें

- साफ पानी से फल, सब्जी धोएं
- साबुन से हाथ धोएं, खासकर खाने से पहले
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें