महिला आरक्षी के स्थानांतरण के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश एस को फोन पर धमकाने का मामला सामने आया है। धमकी देने वाले ने खुद को सेवानिवृत्त पुलिस महानिदेशक बताया है। पीआरओ की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ नवाबाद थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसएसपी के पीआरओ इंस्पेक्टर जेपी पाल ने नवाबाद थाने में दी तहरीर में बताया कि 20 मार्च को एसएसपी अपर पुलिस महानिदेशक की मीटिंग में थे। उनका सीयूजी मोबाइल उसके पास था। एसएसपी के सीयूजी नंबर पर दोपहर ढाई बजे फोन आया, फोन करने वाले ने खुद को रिटायर्ड डीजी पीके तिवारी बताया। इस पर पीआरओ ने फोन करने वाले को बताया कि एसएसपी अभी मीटिंग में हैं। इसके बाद उसने 21 मार्च की दोपहर फिर फोन किया। एसएसपी से बात कराने पर उसने धमकाते हुए कहा कि महिला आरक्षी सोनी कटियार का तत्काल प्रेमनगर थाने से स्थानांतरण कर अवगत कराएं।
इसके बाद एसएसपी ने महिला आरक्षी को बुलाकर जानकारी की। आरक्षी ने बताया कि उसने अपने ट्रांसफर के संबंध में बहनोई दीपक पटेल से बात की थी। उन्होंने अपने मित्र गोपाल तिवारी से बात की थी। आरक्षी ने बताया कि गोपाल तिवारी ने उसे फोन कर उसका विवरण लिया था। आरक्षी ने बताया कि गलत नाम व पद बताकर धमकी देने का काम किया गया है। इस मामले में पीआरओ की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।