फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jhansi News: मुठभेड़ के 30 घंटे बाद शव लेने प्रयागराज से पहुंचा असद का फूफा

विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। एसटीएफ मुठभेड़ मेें ढेर हुआ माफिया अतीक अहमद का पुत्र असद का शव लेने उसका फूफा डा.उस्मान शाम करीब सात बजे झांसी पहुंचा। उसके साथ दो अधिवक्ता भी प्रयागराज से यहां पहुंचे हैं। परिजनों के पहुंचने पर सीओ सिटी राजेश राय भी पहुंच गए। पुलिस ने शव को परिजनों के सौंपने की कार्रवाई शुरू कर दी। वहीं, शूटर गुलाम का शव लेने के लिए अभी तक कोई भी परिजन यहां अब तक नहीं पहुंचा। संभावना जताई जा रही कि गुलाम की पत्नी यहां आ सकती है।
विज्ञापन

एसटीएफ के साथ असद की मुठभेड़ की खबर चंद मिनट में ही पूरे देश में फैल गई लेकिन, उसका शव लेने को लेकर उसके परिजनों के बीच भारी असमंजस दिखाई पड़ा। चौबीस घंटे बाद भी पुलिस को मालूम नहीं चल रहा था कि असद का शव लेने कौन यहां आएगा। शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे असद के नाना और मौसा के मुरादाबाद से आने की बात कही गई लेकिन, कुछ देर उनके बीच रास्ते से ही लौट जाने की बात मालूम चली। इसके बाद प्रयागराज से असद के रिश्तेदारों के आने की बात कही गई लेकिन, इसकी भी पुष्टि करने को कोई पुलिस अफसर राजी नहीं हुआ। घंटों पुलिस अफसर भी शव सौंपने को लेकर पशोपेश में फंसे रहे। पोस्टमार्टम हाउस के बाहर सैकड़ों मीडियाकर्मियों का भी जमावड़ा लगा रहा। सभी को असद के परिजनों के यहां पहुंचने का इंतजार था। शाम करीब चार बजे तक भी जब परिजनों के आने की बात साफ नहीं हुई तब पुलिस ने जीवन शाह तिराहा स्थित कब्रिस्तान में शव दफनाने की वैकल्पिक व्यवस्था बनवानी शुरू कराई। एसपी सिटी ज्ञानेंद्र सिंह के मुताबिक परिजनों की इच्छा अगर यहां दफनाने की होगी, तब उसे देखते हुए यह व्यवस्था कराई जा रही थी। आखिरकार शाम पांच बजे असद के फूफा डा.उस्मान के झांसी आने की पुष्टि की गई। करीब सात बजे डा.उस्मान चीरघर पहुंचे। सीओ सिटी राजेश राय समेत अन्य वरिष्ठ अफसरों की मौजूदगी में शव उनको सौंपने की कार्रवाई शुरू हुई। उम्मीद जताई जा रही कि शनिवार भोर करीब पांच बजे तक असद का शव प्रयागराज पहुंच सकेगा। उधर, गुलाम के शव को लेकर अभी भी ऊहापोह बना हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें