जिले में तैनात इंस्पेक्टर भी मुख्यमंत्री के फरमान का पालन कराने में जुटने लगे हैं। अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय होकर इंस्पेक्टर कोरोना वायरस के संक्रमण मरीजों को तलाशने में जुट गए हैं। इसके लिए इंस्पेेक्टरों ने मोहल्लों के लोगों व दुकानदारों से भी संपर्क करना शुरू कर दिया है। वह सभी से फोन पर लगातार बात कर कोरोना वायरस संक्रमण के मरीजों की जानकारी लेने लगे हैं। अधिकारियों ने भी इंस्पेक्टरों को मुख्यमंत्री के फरमान का पालन करने के निर्देश दिए हैं। झांसी पुलिस पर लागू नहीं मुख्यमंत्री के आदेश झांंसी। झांसी जिले की पुलिस मुख्यमंत्री के आदेश नहीं मानती है। यह हम नहीं कह रहे बल्कि जिले में धड़ल्ले से चल रहा अवैध शराब का कारोबार खुद इसकी गवाही दे रहा है। लॉकडाउन में धड़ल्ले से अवैध शराब की बिक्री हो रही है। इसे रोक पाने में पुलिस पूरी तरह नाकाम है। कोतवाली के बड़ागांव गेट बाहर मैरी तिराहा व लक्ष्मी तालाब के इर्द-गिर्द सुबह से ही शराब बेचनी वाली महिलाएं पहुुंच जाती हैं, जो सुबह से लेकर रात तक धड़ल्ले से शराब बेचती नजर आती हैं। मुख्यमंत्री के आदेश के बाद भी अवैध शराब की बिक्री पर रोक नहीं लग सकी। एक सप्ताह में पुलिस ने पूरे जिले में ३० लोगों को पकड़ा, लेकिन इसके बाद भी अवैध कारोबार लगातार जारी है। आबकारी एक्ट के तहत मामल दर्ज करने के बाद पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पुलिस इस मामले में पकड़े गए आरोपियों से कोई जानकारी नहीं ले सकी कि शराब कहां से आई थी और कौन से खरीदी थी। ऐसे में अवैध कारोबार के सरगना पर नकेल भी नहीं कस सकी।