मछलीशहर। तहसील परिसर में अलाव की व्यवस्था न किए जाने से अधिवक्ताओं में रोष है। मंगलवार को भीषण ठंड, गलन और शीतलहर से परेशान अधिवक्ताओं ने खुद व्यवस्था कर अलाव जलाया। दिनभर वहीं बैठकर चुनावी चर्चा करते रहे। तहसील परिसर में गत वर्ष ठंड के मौसम में नगर पंचायत से लकड़ी उपलब्ध कराई जाती थी। इससे अधिवक्ता तीन-चार जगह अलाव जलाकर तापते थे। इस वर्ष अलाव की व्यवस्था नहीं की गई। वरिष्ठ अधिवक्ता दिनेश चंद्र सिन्हा, अशोक श्रीवास्तव, यज्ञ नारायण सिंह, नागेंद्र श्रीवास्तव, महेंद्र मौर्य, आलोक विश्वकर्मा, वीरेंद्र मौर्य, विनय पांडेय आदि का कहना है कि इस बार नगर पंचायत से लकड़ी न मिलने से अलाव नहीं जल पा रहा है। सबसे ज्यादा समस्या बुजुर्ग अधिवक्ताओं को हो रही है। तहसील के कुछ अधिवक्ता अपने पैसे से लकड़ी खरीदकर अलाव जला रहे हैं, जो नाकाफी है। अधिवक्ताओं ने तहसील में नगर पंचायत से तत्काल अलाव की व्यवस्था कराने की मांग की है। अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत विजय कुमार सिंह ने बताया कि नगर में सौ से अधिक सार्वजनिक जगहों पर अलाव की व्यवस्था की गई है। तहसील परिसर में अलाव न जलने की जानकारी नहीं है। जहां से डिमांड आती है, वहां लकड़ी उपलब्ध करा दी जाती है।