जौनपुर। विज्ञान भवन नई दिल्ली में होने वाले राष्ट्रीय विज्ञान दिवस समारोह 2025 में वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. वंदना सिंह एवं डीएसटी पर्स की टीम को सम्मानित किया जाएगा। विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से यह आयोजन होगा।
इसमें अनुदान प्राप्त विश्वविद्यालयों के कुलपतियों एवं उनकी टीम को सम्मानित किया जाएगा। कुलपति के साथ सम्मान समारोह में प्रो. गिरिधर मिश्र, डॉ. धीरेंद्र चौधरी एवं डॉ. काजल डे शामिल हैं। इस वर्ष पूरे देश में केवल 09 विश्वविद्यालयों को यह अनुदान प्राप्त हुआ है। उत्तर प्रदेश से यह प्रतिष्ठित अनुदान पाने वाला पूर्वांचल विश्वविद्यालय अकेला है। भारत सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय को प्रतिष्ठित प्रमोशन ऑफ यूनिवर्सिटी रिसर्च एंड साइंटिफिक एक्सीलेंस अनुदान के तहत 7.13 करोड़ रुपये प्रदान किए हैं। कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने इस उपलब्धि को विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठा को नई ऊंचाई देने वाला बताया। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल विश्वविद्यालय का इस परियोजना के लिए चयन इसकी शैक्षणिक उत्कृष्टता और ज्ञान को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता का प्रमाण है। इसमें होने वाले अनुसंधान में एक नई ऊर्जा मिलेगी और विशेष रूप से सौर ऊर्जा, हाइड्रोजन ऊर्जा और उन्नत बैटरी प्रौद्योगिकी जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में व्यापक शोध होगा।