मीरगंज (जौनपुर)। थाना क्षेत्र के एक गांव में दो माह से सहेली के साथ रह रही उत्तराखंड की युवती को वहां की पुलिस अपने साथ ले गई। युवती दो माह पहले घर भागी थी। यहां आकर वह सहेली के साथ रह रही थी। दोनों एक-दूसरे का साथ छोड़ने को राजी नहीं थी। काफी मशक्कत के बाद पुलिस को उन्हें मनाने में सफलता मिली।
मीरगंज थाना के एक गांव की युवती लखनऊ में रह रही थी। इस दौरान उसकी मित्रता फेसबुक के जरिए उत्तराखंड की एक युवती से हो गई। दोनों लखनऊ में कई बार एक-दूसरे से मिलती रहीं। इस बीच उनमें इतनी घनिष्ठता हुई कि उत्तराखंड निवासी युवती बिना बताए अपने घर से भागकर लखनऊ आई और वहां से मीरगंज आ गई। उसके परिजनों ने उत्तराखंड के मंगलौर कोतवाली में अज्ञात लोगों पर अपहरण का केस दर्ज कराया था।
सर्विलांस की मदद से मोबाइल नंबर ट्रेेस कर उत्तराखंड पुलिस सोमवार की शाम मीरगंज पहुंची। दोनों युवतियों को थाने ले आई। वह एक-दूसरे को छोड़कर जाने को तैयार नहीं थी। काफी मान मनौवल व समझाने के बाद बाद उत्तराखंड निवासी युवती अपने परिजनों और पुलिस के साथ चली गई। मीरगंज थानाध्यक्ष श्रीप्रकाश राय का कहना है कि अपहरण के मामले में उत्तराखंड की पुलिस यहां आई थी। काफी समझाने के बाद युवती अपने परिजनों के साथ गई है।