मुकदमे की विवेचना के दौरान एक व्यक्ति का नाम निकालने के लिए जौनपुर के सरपतहां थाने के दरोगा ने 25 हजार रुपये की रिश्वत ली। काफी दिन बीतने के बाद भी जब नाम नहीं निकला तो पीड़ित ने दरोगा को फोन कर रुपये वापस करने की बात कही। इसका ऑडियो वायरल होते ही महकमे में हड़कंप मच गया। जौनपुर एसपी अजय साहनी ने दरोगा लालता प्रसाद को निलंबित कर दिया। मामले की जांच सीओ शाहगंज कर रहे हैं।
सुल्तानपुर घुघुरी गांव निवासी इंद्रजीत यादव और सरपतहां थाने के दरोगा के बीच हुई बातचीत का ऑडियो शुक्रवार को वायरल हुआ। इसमें इंद्रजीत यादव दरोगा लालता प्रसाद से मुकदमे की विवेचना से नाम निकालने के लिए रिश्वत के तौर पर दिए गए 25 हजार रुपये में से कुछ वापस करने की गुहार कर रहा है।
साहब, आपने मेरा काम भी नहीं किया...
पीड़ित कह रहा है कि साहब, आपने मेरा काम भी नहीं किया और अब मेरा नंबर भी ब्लॉक कर दिया है। मैं देर शाम तक पुल पर आपका इंतजार करता रहा। आपने कहा था वहीं मिलिए, बताता हूं। अब आप बात भी नहीं कर रहे हैं।