बिगड़े मौसम ने लोगों को अंचभे में डाल रखा है। मंगलवार को हुई बेमौसम की बारिश ने जहां फसलों को खास नुकसान पहुंचाया है तो वहीं किसानों के अरमानों पर पानी भी फेर दिया। आंधी पानी से पेड़ गिर गए तो कई स्थानों पर और अधिक नुकसान हुआ। जहां कृषि विभाग ने शासन को भेजी रिपोर्ट में 10 फीसदी गेहूं और पांच फीसदी सरसों की फसलों का नुकसान बताया है तो वहीं किसान 40 प्रतिशन नुकसान मान रहे हैं। मंगलवार को मड़ियाहूं क्षेत्र में लगभग 30 मिनट तक ओले पड़े। इससे शहर की बिजली आपूर्ति पूरी रात बाधित रही। नगर के शाही ईदगाह की 70 फीट ऊंची मीनार गिर गई। सीएचसी के सामने मडियाहू-जौनपुर मार्ग पर पेड़ गिरने से छह से अधिक विद्युत पोल टूट गए। आवागमन करीब तीन घंटे तक बाधित रहा। मुंगराबादशाहपुर के गांव रामनगर में तेज बारिश के साथ आंधी से पुराना बरगद और पीपल का पेड़ गिर गया। इससे मंदिर सहित लोगों को भारी नुक़सान का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों ने बताया कि मनोज कुमार ऊमर वैश्य के मकान के बगल लगभग 300 वर्ष पुराना बरगद व पीपल का बड़ा पेड़ था वह गिर गया। मछलीशहर, सुजानगंज, बरईपार, बक्शा क्षेत्र में भी तेज बारिश, आंधी के बीच ओले गिरे। सतहरिया क्षेत्र में काफी नुकसान हुआ। निगाह क्षेत्र के बसहरा गांव में रामप्यारे सिंह, ओमप्रकाश यादव, व श्रीपति यादव जबकि भोपतपुर गांव में श्याम सुंदर पटेल का पोल्ट्री फार्म पूरी तरह से जमींदोज हो गया।