हिन्दुस्तान सोशलिस्ट रिपब्लिकन आर्मी एवं लक्ष्मीबाई ब्रिगेड के कैडरो, स्कूली बच्चों ने उनके चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किया। दो मिनट का मौन रखकर तथा मोमबत्ती जलाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
ब्रिगेड की अध्यक्ष मंजीत कौर ने उनके जीवन व कृत्यों पर प्रकाश डाला। कहा कि चंद्रशेखर ब्रिटिश हुकूमत के लिए खतरा बन गए थे। 14 वर्ष की उम्र में 14 कोड़े की सजा सहन देख अंग्रेजी सरकार घबरा गई।
अमर शहीद के आदर्श को जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता विजय कनौजिया और संचालन डा. धरम सिंह ने किया।