जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने बुधवार को कलेक्ट्रेट के विभिन्न कार्यालयों का निरीक्षण कर अभिलेखों की जांच की। अभिलेखों को अपडेट न करने और दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरते जाने पर पांच कर्मचारियों के खिलाफ
प्रतिकूल टिप्पणी देने का निर्देश दिया। रासुका, आर्म्स एक्ट और उच्च न्यायालय के मामलों के अवलोकन के लिए एडीएम गंगाराम गुप्त को निर्देश दिया। कलेक्ट्रेट कार्यालयों की ये हालत तब है, जब डीएम के निरीक्षण के लिए एक
सप्ताह पहले ही समय निर्धारित हो गया था। जिलाधिकारी ने पहले संयुक्त कार्यालय के विभिन्न पटलों का निरीक्षण किया। लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, जीपीएफ पासबुक को अपडेट करने और उपभोग प्रमाण पत्र प्रस्तुत न करने
पर स्थानीय निकाय लिपिक चंद्रशेखर सिंह को चेतावनी दी। उन्होंने नजारत के विभिन्न पटलों का निरीक्षण किया। निर्माण कार्यों एवं स्टाक पंजिका की तैयारी न रखने पर नाराजगी व्यक्त किया। मुख्य राजस्व लेखाकार के निरीक्षण में
बैंक, व्यापार कर, विद्युत, कोर्ट आदि की आरसी की पत्रावली न दिखाने पर सबिता श्रीवास्तव और श्यामबिहारी के खिलाफ प्रतिकूल टिप्पणी देने का निर्देश दिया। किसान दुर्घटना बीमा और जिलाधिकारी को संबोधित अर्धशासकीय पत्र
को समय से न प्रस्तुत करने पर डीएलआरसी बाबू को प्रतिकूल टिप्पणी देने का निर्देश एडीएम को दिया। आयुध कार्यालय में पटाखा लाइसेंस, शस्त्र पत्रावली आदि का अवलोकन किया और समय से रिकार्ड रूम में जमा करने का
निर्देश दिया। रिकार्ड रूम में खतौनी की नकल जारी करने में अनियमितता पाई गई। डीएम ने इसके लिए आरके और ईआरके लिपिक को प्रतिकूल टिप्पणी देने का निर्देश एडीएम को दिया।