जौनपुर। नवरात्र के पांचवें बुधवार को देवी मं दिरों में माता रानी के पांचवें स्वरूप स्कंदमाता की पूजा की गई। देवी का पांचवें स्वरूप की पूजा नारी शक्ति और मातृ शक्ति के रूप में किया जाता है। भोर में आरती के बाद मंदिरों के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिया गया। मां के दरबार में हाजिरी लगाकर भक्तों ने आशीर्वाद लिया।
जैसे-जैसे नवरात्र समापन की ओर बढ रहा है मां शीतला धाम चौकिया और मां मैहर मंदिर में दर्शन पूजन के लिए भक्तों की भीड रही है। मां के दर्शन के लिए भक्तों की लंबी कतार लग रही है। परमानतपुर स्थित मां मैहर मंदिर परिसर में भी भक्तों की खासी भीड रही। मंदिर के पुजारी सूर्य प्रकाश जायसवाल ने बताया कि कोरोना संक्रमण के बावजूद भक्तों की आस्था में कोई कमी नहीं है। नवरात्र में भोर से दर्शन पूजन के लिए भक्तों की भीड लग रही है। सिटी स्टेशन स्थित मां द क्षिणा काली मंदिर परिसर को फूलमाला और झालर से सजाया गया है। भक्तों की भीड दर्शन पूजन के लिए पहुंच रही है। मंदिर के पुजारी बागीश सिंह ने कहा कि मां दक्षिणा काली का दर्शन करने से सभी कष्ट दूर हो जाते हैं। सुख और समृद्दि आती है। महासप्तमी पर 23 अक्तूबर के कालरात्रि की पूजा होगी।