जौनपुर जिले के लाल दरवाजा मस्जिद के पास स्थित मकान से पकड़े गए 14 बांग्लादेशी समेत 15 विदेशी जमातियों की जमानत अर्जी मंगलवार को जिला जज मदनपाल सिंह ने खारिज कर दी है। सभी पर लॉकडाउन के प्रतिबंधों को तोड़कर संक्रमण फैलाने का आरोप है।\
31 मार्च को सरायख्वाजा पुलिस ने बांग्लादेश निवासी मोहम्मद फिरदौस, नूर मोहम्मद समेत 14 बांग्लादेशी और एक झारखंड व एक बंगाल निवासी उनके गाइड को लाल दरवाजा मस्जिद के समीप एक मकान से पकड़ा था। दिल्ली की तब्लीगी मरकज से लौटने के बाद सभी वहां छिपकर रह रहे थे। विदेशी नागरिकों के विरुद्ध पासपोर्ट एक्ट, लॉकडाउन के उल्लंघन सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज हुआ था।
बाद में विवेचना के दौरान हत्या के प्रयास की धारा भी बढ़ा दी गई थी। उधर, तीन अप्रैल को कोतवाली पुलिस ने दिल्ली की जमात से लौटे सेराज, आसिफ, सोहेल सहित अन्य लोगों के साथ नेपाल निवासी तस्लीम खान को भी पकड़ा था। इन पर भी संबंधित धाराओं में केस दर्ज है। सभी को प्रसाद इंटरनेशनल स्कूल में बने अस्थायी जेल में रखा गया है।
आरोपियों ने स्वयं को निर्दोष बताते हुए कोर्ट से जमानत देने की गुहार लगाई। दोनों मामलों में अन्य आरोपियों की जमानत कोर्ट ने पहले ही मंजूर कर दी है। 14 बांग्लादेशी व एक नेपाली नागरिक की जमानत कोर्ट ने यह कहते हुए खारिज कर दी कि आरोपी जमानत मिलने के बाद अपने देश चले जाएंगे। सुनवाई के दौरान उनके यहां आने की संभावना नहीं है, जिससे मुकदमा प्रभावित होगा।