करंजाकला। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के सीवी रमन छात्रावास के बाहर रविवार की शाम तकरीबन 100 छात्रों ने गेट के बाहर पहुंच कर धरना दिया। उन्होंने खाने की गुणवत्ता पर नाराजगी जताई।आरोप लगाया कि मेन्यू पर जबरदस्ती हस्ताक्षर कराया गया और अब मनमाने तरीके से भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। मौके पर पहुंचे चीफ प्रॉक्टर ने छात्रों को अंदर बुलाकर बाहर से गेट पर ताला लगवा दिया। पूर्वांचल विश्वविद्यालय के सीवी रमन छात्रावास में करीब 100 छात्रों ने चीफ वार्डन मनीष सिंह और चीफ़ प्रॉक्टर डॉक्टर राजकुमार सोनी पर गंभीर आरोप लगाया। कहा कि इनके तानाशाही रवैया से छात्र परेशान हैं। एक तरफ विश्वविद्यालय की तरफ से उपलब्ध कराए गए मेन्यू पर कुछ चहेते छात्रों का जबर्दस्ती हस्ताक्षर कर दिया गया। जिससे यह लोग अपनी तरफ से भोजन उपलब्ध करवा सकें।
नियम के मुताबिक छात्रों के अनुसार ही विश्वविद्यालय को भोजन उपलब्ध कराने का प्रावधान है। छात्रों का कहना है कि उन्हें सही गुणवत्ता का भोजन उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। इससे नाराज छात्रों ने रविवार की देर शाम छात्रों ने गेट के बाहर खाने की खराब गुणवत्ता को लेकर धरना शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंचे डॉ राजकुमार सोनी ने छात्रों को समझने के लिए अंदर बुलाया और तानाशाही रवैया दिखाते हुए बाहर से गार्ड को गेट पर ताला लगाने का आदेश दे दिया। इसके बाद नाराज छात्र कुलपति को बुलाने पर अड़ गए। राजकुमार के काफी समझाने के बाद किसी तरह मामले को शांत कराया गया। छात्रों को कहना है कि सोमवार को विश्वविद्यालय में पहुंचकर सुबह 10 बजे विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह को चीफ वार्डन की शिकायत करेंगे। अगर उनकी बात नहीं की गई तो मुख्य गेट को बंद कर धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
कोट
छात्रों को दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता में कोई कमी नहीं है। छात्रों द्वारा लगाए जा रहे आरोप बेबुनियाद हैं। - मनीष सिंह, चीफ वार्डन, पूविवि