बताया कि शादी के बाद जब ससुराल में बदलापुर पहुंची तो सात दिन के बाद ही ससुराल वाले दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। किसी तरह से तीन महीने का समय बीता। इसी बीच युवती के मौसेरे भाई की मौत हुई तो उसने मायके जाने की बात कही।
ससुराल वालों ने लखनऊ तक ले जाकर गाड़ी में भी बैठा दिया, लेकिन जाते ही पति ने बात करना बंद कर दिया। 10 अक्तूबर को जब बदलापुर वापस आई तो घर में घुसने से रोक दिया गया। पति से अब तक न तो मुलाकात हुई और न ही बात। ऐसे में उसने थाने में मुकदमा दर्ज कराया है।
युवती ने थाने में तहरीर देकर बताया है कि चार जून को दिलीप सिंह निवासी ग्राम भलुआही के साथ शादी की थी। इसके बाद तीन माह तक वह अपने ससुराल रही। शादी के कुछ दिन बाद पति दिलीप सिंह, ससुर दिवाकर के साथ ही ननद, ननदोई, देवर, आजी सास, सास मिलकर दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगीं।
10 अक्तूबर को करीब दो बजे जब मायके से आई तो आजी सास, सास, ननद व अन्य ने घर से निकाल दिया। ससुराल की चौखट पर दोबारा पैर रखने पर पेट्रोल डालकर जिंदा जलाकर जान से मारने की धमकी दी। प्रभारी निरीक्षक योगेंद्र सिंह ने बताया कि इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।