घरेलू हिंसा विषयक संगोष्ठी को संबोधित करती डा. शकुंतला यादव।
विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव रवि यादव ने कहा कि महिलाओं पर अत्याचार समाज के लिए कलंक है। घरेलू हिंसा से परिवार में न केवल बिखराव होता है बल्कि परिवार का विकास रुक जाता है।
शहर के चहटिया स्थित अवध पैरामेडिकल कालेज परिसर में घरेलू हिंसा पर आयोजित गोष्ठी में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि घरेलू हिंसा से निपटने के लिए कोर्ट का भी सहारा ले सकते हैं। लेकिन जहां तक हो सके पति पत्नी के बीच समझदारी व समझौते से निपटाया जा सकता है। राजनन्दनी राय ने कहा कि पुरुषों का वजूद ही महिलाओं से है। नारी शक्ति से बड़ी कोई शक्ति नहीं है। महिलाओं पर हो रही घटनाएं समाज के लिए क लंक हैं। अधिवक्ता शकुंतला शुक्ला ने कहा कि महिलाओं को अपने शक्ति रूप को समझना होगा। शिक्षा को बढ़ावा देना होगा। जिससे कि घरेलू हिंसा से बचा जा सके। संचालन डाक्टर दिलीप सिंह ने किया। कालेज के प्रबंधक डा. शकुंतला यादव, प्रिंसिपल सुधा गरे, डा. दिनेश सिंह, जितेंद्र कुमार सिंह और कालेज के बच्चे रहे।