शहर में लगे जाम में फंसे लोग। (फाइल फोटो)
शहर में रिंग रोड और बाईपास निर्माण से न सिर्फ शहर में भीड़ का दबाव कम होगा बल्कि लोगों को भी घंटों जाम में फंसने से छुटकारा मिल जाएगा। प्रशासन का दावा है कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना का प्रस्ताव बनाकर शीघ्र ही श्ाासन को भेजा जाएगा, जिस पर शासन की मुहर लगने की संभावना है।
रिंग रोड के लिए कलीचाबाद के पास गोमती नदी पर एक और पुल का निर्माण कराया जाएगा। रिंग रोड बना तो तेजी से बदल रही इस प्राचीन शहर की सूरत को चार चांद लग जाएगा।
शहर के दक्षिणी और पश्चिमी कोने पर स्थिति मुरादगंज से कलीचाबाद होते हुए शहर के पश्चिमी किनारे से होकर सड़क को शहर के उत्तरी और पश्चिमी किनारे पर स्थित कुत्तूपुर से जोड़ने की योजना है।
इससे मछलीशहर, मड़ियाहूं और बदलापुर इलाके के लोगों को पूर्वांचल विश्वविद्यालय या शाहगंज जाने के लिए शहर में आने की आवश्यकता नहीं होगी। शहर के बाहर से ही वे कुत्तूपुर चौराहे से होकर आगे निकल जाएंगे और सीधे शाहगंज होकर पूर्वांचल एक्सप्रेस वे से जुड़ जाएगा।
शाहगंज, आजमगढ़ और केराकत के लोग बाईपास से होकर वाराणसी चले जाएंगे। यही नहीं भदोही और मिर्जापुर की ओर से आने वाले लोगों को भी शहर की भीड़ में नहीं जाना होगा। ऐसे में शहर का दबाव कम होगा और लोगों को भी राहत मिलेगी।