आलमगंज। रामपुर थाना क्षेत्र के संजय नगर बाजार में सोमवार को ट्रक की चपेट में आने से दो मासूमों की मौत से परिजन बेसुध हैं। दोनों चचेरे भाई अपने माता पिता के इकलौते पुत्र थे। सार्थक का बीस दिन बाद जन्मदिन था। घर में तैयारी चल रही थी। उधर, मंगलवार को पूरे दिन घर पर लोेगों का तांता लगा रहा। परिजनों का बिलखना देख कोई भी अपने आंसू नहीं रोक पा रहा था। दोनों मासूमों की मौत से रायपुर गांव में मातम छाया है। सार्थक उर्फ समर (4) अपने माता पिता के साथ गुजरात के सूरत शहर में रहता था। लॉकडाउन में वह मां नीलम के साथ घर आया था। मां को क्या पता था कि वह अपने जिस कलेजे के टुकड़े को लेकर गांव आ रही है उसे लेकर अब शहर नहीं आ सकेगी। 23 नवंबर को बेटे को जन्मदिन पर सूट पहनाने की बात कहते हुए रोते रोते नीलम बेसुध हो जा रही है। उधर, गुजरात के सूरत शहर में रह रहे पिता बेटे की मौत की खबर सुनते ही घर को रवाना हो गए हैं। हादसे में मृत सार्थक का चचरा भाई हर्ष (10) भी अपने माता पिता का इकलौता बेटा था। और छठवीं का छात्र था। पिता वेद प्रकाश और मां सीमा देवी का रो रोकर बुरा हाल है।