खेतासराय। थाना क्षेत्र के सोंगर गांव में विवाहिता राशिदा (24) की हत्या का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस के अनुसार, सहेली की शादी में जाने को लेकर हुए विवाद के बाद प्रेमी कयूम उर्फ कयामुद्दीन ने बांसवारी के पास राशिदा की हत्या कर दी और शव को वहीं छिपा दिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि राशिदा के भाई और आरोपी कयूम दोनों गुजरात के अहमदाबाद में रहते थे। करीब आठ माह पहले वहीं दोनों की मुलाकात हुई और धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ गईं। दोनों फोन पर बातचीत करते थे, जिसकी जानकारी परिवार के लोगों को भी हो गई थी। करीब चार माह पहले राशिदा गांव लौट आई थी, जिसके बाद कयूम भी घर आ गया।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि दोनों गांव की एकांत बांसवारी में चोरी-छिपे मिला करते थे। कयूम चाहता था कि राशिदा किसी अन्य व्यक्ति से बातचीत न करे। आठ जुलाई की रात राशिदा गांव में अपनी सहेली सबरीना की शादी में चली गई थी, जबकि कयूम ने उसे वहां जाने से मना किया था। नाराज होकर उसने कई बार फोन कर उसे बुलाने की कोशिश की। बाद में राशिदा ने उसी स्थान पर मिलने की बात कही, जहां दोनों अक्सर मिलते थे।
पुलिस के मुताबिक, बांसवारी के पास पहले से इंतजार कर रहे कयूम और राशिदा के बीच कहासुनी हुई। विवाद बढ़ने पर राशिदा वापस लौटने लगी, तभी आरोपी ने गुस्से में बांस से उसके सिर पर वार कर दिया। गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई। इसके बाद उसने शव को घसीटकर बांसवारी में छिपा दिया और ऊपर से बांस के पत्ते डाल दिए।
राशिदा के लापता होने के बाद परिवार ने नौ जुलाई को थाने में गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए तहरीर दी थी। इसी बीच सोमवार शाम गांव के बच्चे क्रिकेट खेल रहे थे। गेंद बांसवारी की ओर चली गई, जहां एक बच्चे ने राशिदा की चप्पल देखी। पास जाने पर शव दिखाई दिया, जिसके बाद उसने शोर मचाया।
पुलिस ने परिवार के संदेह और जांच के आधार पर कयूम पर नजर रखी। जांच में सामने आया कि आरोपी ने राशिदा को एक सिम कार्ड भी दिया था, जिससे दोनों बातचीत करते थे। कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस का शक और गहरा गया। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने गुरुवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे मानीकलां हॉल्ट के पास से कयूम उर्फ कयामुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने पूरी घटना स्वीकार कर ली।
थानाध्यक्ष के अनुसार, आरोपी कयूम उर्फ कयामुद्दीन गुजरात में भी एक महिला की हत्या कर चुका है। उस मामले में वह करीब 13 साल जेल में रहा था और वर्ष 2022 में बाहर आया था। इसके बाद वह वहीं छोटा-मोटा काम करता था। पुलिस के अनुसार, अहमदाबाद में ही उसकी राशिदा से मुलाकात हुई थी।
पुलिस जांच में सामने आया कि राशिदा की शादी वर्ष 2024 में गांव के ही कलीमुद्दीन से हुई थी। शादी के करीब एक माह बाद ही उसका पति मुंबई चला गया था, जहां वह कार चलाता है। पुलिस के मुताबिक, पति-पत्नी के बीच संबंध सामान्य नहीं थे।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद आरोपी खुद को बीमार बताने की कोशिश करता रहा और बार-बार जमीन पर बैठ जा रहा था। हालांकि पूछताछ में सख्ती के बाद उसने घटना की पूरी जानकारी दी। पुलिस ने हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
गिरफ्तार किया गया राशिदा की हत्या का मुख्य आरोपी । पुलिस