जौनपुर। जिले की ख्यातिलब्ध वैद्य शिव सहाय परिवार की छठी पीढ़ी के प्रांश ने परिवार की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए नीट पास कर एमबीबीएस में दाखिला लिया। प्रांश ने कानपुर के मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस में प्रवेश लिया है। वैद्य शिव सहाय परिवार को भगवान आशुतोष का आशीर्वाद प्राप्त है। उनकी हर पीढ़ी में किसी न किसी के हाथ में ईश्वर का आशीर्वाद अक्षुण्ण रहेगा। कोई मरीज बिना ठीक हुए वापस नहीं लौटेगा। इस संबंध में एक प्रसिद्ध किस्सा है। संत स्वभाव के अत्यंत ही गंभीर प्रतिभाशाली शिव सहाय का मन संसार में नहीं लगता था। एक दिन ब्रह्म मुहूर्त में वो मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए घोड़े से निकल पड़े। मां के दर्शन बाद विंध्याचल पर्वत पर रात्रि विश्राम करने रुक गये। वहीं भगवान आशुतोष एक वैद्य के रूप में उन्हें मिले। पूरी रात में उन्हें तत्समय प्रचलित आयुर्वेद और प्रकृति का ज्ञान देकर आशीर्वाद दिया कि ''''चिकित्सक के रूप में तुम्हारी हर पीढ़ी में कोई न कोई शिवांश होके जन्म लेगा, लेकिन समाज के उपचार में कोई दीन-दुखी तुम्हारे दर से लौटे नहीं, तुम अब जाओ और चिकित्सक रूपी संत के रूप में शोषित गरीब समाज सेवा करो। तब से आज तक वैद्य के परिवार में शुरू की तीन पीढ़ियों में आयुर्वेद के प्रसिद्ध वैद्य हुए। अभी भी दो पीढ़ियों में एलोपैथिक स्पेशलिस्ट डॉक्टर एमबीबीएस एमडी हैं। शिव सहाय वैद्य के प्रसिद्धि के दृष्टिगत उनके गांव पचोखर स्थित रंजीतपुर स्थित उच्चीकृत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का नाम शिव सहाय वैद्य के नाम पर करने का प्रस्ताव मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजा गया है। छठी पीढ़ी में प्रांश ने इंटर के साथ नीट 2024 अच्छे नंबरों से उत्तीर्ण कर पहले राउंड की काउंसलिंग में एमबीबीएस में दाखिला लिया। प्रांश गणित में अव्वल रहे हैं। हाईस्कूल गणित में 100 में 100 पाने के बाद भी परिवार के सतत आशीर्वाद के चलते उन्होंने अपना कॅरियर मेडिकल को चुना और इसी साल इंटर करते ही नीट 2024 की परीक्षा उत्तीर्ण की। प्रांश हाईस्कूल में 94 फीसदी एवं इंटर में 93 फीसदी अंक पाकर शुरू से ही मेधावी छात्र रहे हैं।