जौनपुर। सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के छतौरा की प्रधान उर्विजय सिंह और उनके पति राघवेंद्र सिंह ने जिलाधिकारी दिनेश कुमार सिंह से मिलकर क्वारंटीन में रखे गए लोगों द्वारा घर में तोडफोड करने की शिकायत दर्ज कराई। राघवेंद्र सिंह ने कहा कि गांव में तीन-चार दिन पहले मुंबई से आए सुजीत पुत्र राजेंद्र, आनंद पुत्र वीरेंद्र, अंकित पुत्र विनोद, अंगद पुत्र अखिलेश ने गांव के एक व्यक्ति के भड़काने पर उनके घर में तोड़फोड़ की। ग्राम प्रधान ने बताया कि गांव के कुछ लोगों ने सुजीत, आनंद, अंकित और अंगद को बताया कि गांव में कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए सरकार द्वारा छ: लाख रुपये प्रधान को मिला है। भड़काने पर उक्त लोगों ने मंगलवार रात्रि 11 बजे घर जाकर प्रधान से एक-एक लाख रूपये की मांग करने लगे। पैसा नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी और घर में तोड़फोड़ किया। सूचना मिलने पर थानाध्यक्ष जब गांव में पहुंचे तो इन लोगों ने प्राथमिक विद्यालय में अपने को बंद कर लिया। पुलिस को भी इन लोगों ने भला बुरा कहा। पुलिस ने प्राथमिक विद्यालय में बाहर से ताला बंद कर दिया था। लेकिन सुबह होते ही आरोपी ताला तोड़कर भाग गए। डीएम थानाध्यक्ष सरायख्वाजा सत्य प्रकाश को मामले की जांच कर आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिया।
क्वारंटीन सेंटर में खाने के लिए हंगामा
जफराबाद। सिरकोनी विकास खंड के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नेहरू नगर में क्वारंटीन में रखे लोगों ने बुधवार को खाना और सफाई के लिए हंगामा किया। प्रभारी चिकित्सक के अनुपस्थित रहने पर नाराजगी जताई। सीएचसी पर 30 लोगों को क्वारंटीन में रखा गया है। खाना समय से नहीं मिलने और रखे गए स्थान की सफाई नहीं कराने का आरोप लगाते हुए हंगामा खडा कर दिया। लोगों का कहना है कि दोपहर का खान तथा रात का खाना कभी भी समय पर नहीं मिलता। शौचालय तथा स्नान के लिए पानी मिल रहा है। शौचालय गंदगी से पटा पड़ा है। मौके पर मौजूद जो भी चिकित्सक रहता है वह कहता है अधिकारी के पास शिकायत करो। गेट पर तैनात पुलिस लोगों को बाहर नहीं निकलने देती। अंदर गंदगी तथा बदबू से जीना दूभर हो गया है। केंद्र पर मौजूद चिकित्सक डॉ. प्रदीप पांडेय ने बताया कि कल आंधी तूफान आने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई है। जिसके चलते पानी की समस्या हो गई। खाना समय से दिया जाता है।