पूरामुकुंदपुर गांव के समीप मंगलवार को ट्रक से कुचलकर छात्रा की मौत पर भड़के ग्रामीणों ने हंगामा किया। गुस्साए ग्रामीणों ने हादसे में शामिल ट्रक के मालिक को मौके पर बुलाने की मांग को लेकर वाराणसी-लखनऊ हाईवे जाम कर दिया। इससे तकरीबन दो घंटे तक राजमार्ग पर वाहनों का आवागमन पूरी तरह ठप रहा। इस दौरान दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लगी रही।
जानकारी मिलने पर सर्किल के तीन थानों की पुलिस और बदलापुर एसडीएम शिव सिंह घटनास्थल पर पहुंच गए। नाराज भीड़ ट्रक को फूंकने की कोशिश में थी, लेकिन एसडीएम ने स्थिति संभाल लिया।
बदलापुर थानाक्षेत्र के रामपुर गांव निवासी हौसिला उपाध्याय की बेटी रूपम (18) राजा हरपाल सिंह पीजी कालेज, सिंगरामऊ में बीएससी प्रथम वर्ष की छात्रा थी। वह मंगलवार को साइकल से दवा लेने के लिए बदलापुर आई थी। दोपहर करीब डेढ़ बजे दवा लेकर घर लौटते समय पूरामुकुंदपुर गांव के मोड़ के समीप जौनपुर की ओर से कोयला लेकर सुल्तानपुर की तरफ जा रहे ट्रक ने छात्रा को टक्कर मार दी। टक्कर लगने पर छात्रा ट्रक के पिछले चक्के के नीचे आ गई और घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई। छात्रा का शव ट्रक के चक्के में फंस गया। इससे घबराकर चालक और खलासी ट्रक छोड़कर फरार हो गए।
यह देखकर आसपास के गांवों के लोग मौके पर जुट गए। ग्रामीण उग्र हो गए और रोड जाम कर दिया। इससे सड़क के दोनों तरफ करीब दो किलोमीटर तक वाहनों की लंबी कतार लग गई।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि ट्रक मालिक को मौके पर बुलवा जाए। खबर मिलने पर मृतका के भाई बबलू और परिवार के लोग भी मौके पर पहुंच गए। बदलापुर एसडीएम, सीओ हितेश कृष्ण के अलावा एसओ महराजगंज अनुपम श्रीवास्तव, सिंगरामऊ एसओ वीरेंद्र सोनकर और बदलापुर थाने के एसआई अजीत सिंह मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने गुस्साए ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ट्रक को पुलिस थाने ले गई। प्रदर्शन के कारण दोपहर दो बजे से शाम करीब चार बजे तक हाईवे पर आवागमन ठप रहा।