क्षेत्र में बढ़ती चोरी की घटनाओं के विरोध में सोमवार को व्यापारियों के सब्र का बांध टूट गया। नाराज व्यापारियों ने लामबंद होकर पुलिस-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए मीरगंज थाने का घेराव किया।
इस दौरान चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने और पुराने मामलों का खुलासा करने की मांग की। थानेदार ने समझा-बुझाकर प्रदर्शनकारियों को शांत किया।
गौरतलब है कि हाल के दिनों में मीरगंज थानाक्षेत्र में चोरी की घटनाओं की बाढ़ सी आ गई है। इनमें वाहन चोरी प्रमुख हैं। गुजरे तीन माह के दौरान चोरी की नौ घटनाएं हो गईं, जिनमें सात वाहन चोरी की हैं।
एक के बाद एक वाहनों को स्वामियों के घर के सामने अथवा बरामदे से चोरी होने के दुस्साहस से खफा मीरगंज कस्बे के व्यापारी सोमवार को पुलिस की कार्यप्रणाली के खिलाफ लामबंद हो गए।
तकरीबन ढाई सौ लोगों ने एकजुट होकर जुलूस की शक्ल में थाने पर पहुंच कर घेराव किया। इस दौरान भीड़ ने नारेबाजी भी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि पुलिस इलाके में आए दिन हो रही चोरी की घटनाओं पर रोक नहीं लगा पा रही है। ना ही घटनाओं का खुलासा हो पा रहा है। लोग शिकायत लेकर पहुंचते हैं तो प्राथमिकी भी दर्ज नहीं की जाती। इससे लोगों में असुरक्षा की भावना पैदा हो रही है।
प्रदर्शनकारी थाने पहुंच गए तो थानेदार बिंद कुमार ने पहुंचकर उन्हें समझाने-बुझाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही पुरानी घटनाओं का खुलासा भी किया जाएगा। इसके बाद व्यापारी शांत हुए।
प्रदर्शन करने वालों में मुख्य रूप से संतोष विश्वकर्मा, विजय शंकर यादव, मुकुंद लाल, मुन्ना, भोला, रामशृंगार यादव, संजय मौर्या, कृष्णकांत मौर्या, श्याम बिहारी आदि शामिल रहे।