मछलीशहर। क्षेत्र के सराययूसुफ गांव के लोग और तहसील के अधिवक्ता मंगलवार को एसडीएम राजेश कुमार चौरसिया से मिलकर गांव स्थित राधा कृष्ण मंदिर के पुजारी की कार्यशैली से संबंधित छह सूत्री ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मंदिर की संपत्ति बेचने पर रोक लगाने और तोड़े गए समाधि स्थल को बनवाने की मांग की।
बरईपार राजमार्ग पर स्थित सराय यूसुफ गांव में श्री कृष्ण मंदिर एवं गोशाला के लिए ग्रामीणों ने आठ से 10 बीघे भूमिधरी भूमि दान की है। इसी भूमि पर मंदिर व गोशाला स्थित है। ग्रामीणों का आरोप है कि वर्तमान पुजारी व संरक्षक करोड़ों की भूमि भूमाफिया को विक्रय करना चाहते हैं। जबकि पुजारी को मंदिर की संपत्ति का प्रबंधन व देखरेख का ही अधिकार है। मंदिर की भूमि पर स्थित 20-25 पेड़ कटवाकर बेच दिया और बाबा अयोध्या दास की समाधि को जेसीबी से ढहवा दिया। विरोध करने पर ग्रामीणों को फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी जा रही है। ग्रामीण और अधिवक्ताओं ने उपजिलाधिकारी राजेश कुमार चौरसिया को ज्ञापन देकर मांग की कि मंदिर की संपत्ति बेचने पर रोक लगाई जाए। बाबा अयोध्या दास की समाधि को फिर से बनवाया जाए। उपजिलाधिकारी ने 13 दिसंबर को स्थलीय निरीक्षण करने का आश्वासन दिया है। थानाध्यक्ष मछलीशहर को मौके पर यथास्थिति कायम करने व शांति व्यवस्था स्थापित करने का निर्देश दिया। इस अवसर पर वरिष्ठ अधिवक्ता दिनेश चंद्र सिन्हा, आरपी सिंह, उमेश चंद्र श्रीवास्तव, रमेश चंद्र यादव, राज कुमार पटवा, आलोक विश्वकर्मा, अमित सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष मनोज जायसवाल, संतोष जायसवाल, ग्रामीण राम करन यादव, बृज भूषण यादव, नन्हे लाल बिंद, अनमोल, शिव प्रसाद, कमलेश, ओम प्रकाश आदि उपस्थित रहे।