मड़ियाहूं। राजकीय आयुर्वेदिक अस्पताल मड़ियाहूं में आयुष मिशन तथा केंद्र सरकार की इंडियन मेडिसिन्स फार्मास्युटिकल कॉर्पोरेशन लिमिटेड(आईएमपीसीएल) की दवाएं लंबे समय से उपलब्ध नहीं हैं। इससे मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पहले यहां आयुष की दवाइयां मिलती थीं, एक वर्ष से आपूर्ति बाधित होने के कारण अस्पताल में दवाओं की किल्लत है।
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि दवा की कमी से अस्पताल प्रशासन को कई बार अवगत कराया गया, लेकिन अभी तक आपूर्ति नहीं हो सकी है। दवाइयां न मिलने से मरीजों को निजी दुकानों से महंगे दाम पर खरीदनी पड़ रही हैं। इससे उनके सामने आर्थिक समस्या खड़ी गई है। आयुष चिकित्सा पर बढ़ते भरोसे के बीच सरकारी अस्पताल में दवाओं की कमी लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। अस्पताल में 15 बेड पर मरीजों को इलाज की व्यवस्था है। अस्पताल में मुख्य चिकित्सा अधिकारी सहित दो चिकित्सक, एक फार्मासिस्ट, दो वार्ड बॉय और एक सफाई कर्मी तैनात हैं। दवाओं की अनुपलब्धता के चलते सर्दी के मौसम में खांसी-बुखार समेत सामान्य दवाएं भी नहीं मिल पा रही हैं। उपचार कराने पहुंची इंदू पांडेय ने बताया कि काफी समय से दवाएं नहीं हैं। मेडिकल स्टोर से खरीदनी पड़ती है। संजय कुमार ने कहा कि पहले अस्पताल में सभी दवाएं मिल जाती थीं, लेकिन अब लंबे समय से दवाओं की कमी बनी है। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. श्रीकांत पांडेय ने बताया कि दवाइयों की आपूर्ति के लिए पत्र लिखा गया है। जल्द ही स्टॉक उपलब्ध होने की संभावना है।