जौनपुर जिले में अपर सत्र न्यायाधीश (प्रथम) अनिल कुमार यादव की अदालत ने महाराजगंज थाना क्षेत्र के डेल्हूपुर में हुई काजल मौर्या की हत्या के मामले में ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कोर्ट ने दोषी धर्मेंद्र मौर्य को आजीवन कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। इसके साथ ही, आर्म्स एक्ट के तहत दोषी को एक वर्ष की अतिरिक्त कैद और 5 हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया गया है।
ये है मामला
सिंगरामऊ निवासी कुलदीप मौर्य की बेटी काजल अपने मामा फतेह बहादुर के घर डेल्हूपुर (महाराजगंज) आई थी। नौ फरवरी 2021 की दोपहर करीब 1:30 बजे आरोपी धर्मेंद्र वहां पहुंचा। आरोप है कि जब काजल रसोई में खाना निकालने गई, तभी धर्मेंद्र ने पीछे से उसे गोली मार दी।
गोली की आवाज सुनकर जब परिजन वहां पहुंचे, तो आरोपी ने चालाकी दिखाते हुए यह झूठ बोला कि काजल का पेट फट गया है। गंभीर हालत में काजल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बदलापुर ले जाया गया। वहां जब डॉक्टरों ने घाव देखकर गोली लगने की पुष्टि की, तो पोल खुलने के डर से धर्मेंद्र मौके से फरार हो गया। कुछ ही देर बाद डॉक्टरों ने काजल को मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद 13 फरवरी 2021 को आरोपी को बैहारी पुलिया के पास से गिरफ्तार किया था, जिसके पास से हत्या में प्रयुक्त तमंचा और कारतूस भी बरामद हुआ। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और पत्रावली में मौजूद पुख्ता सबूतों के आधार पर धर्मेंद्र को हत्या का दोषी पाया। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जुर्माना अदा न करने पर दोषी को छह माह की अतिरिक्त जेल काटनी होगी।